तिहाड़ जेल में बंद पूर्व टेलिकॉम मंत्री ए राजा ने 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले में प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और गृह मंत्री पी चिदंबरम को भी लपेटा है। राजा ने कहा है कि स्पेक्ट्रम की ब्रिकी को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की मौजूदगी में मंजूरी दी गई थी। उन्होंने यह भी कहा कि डीबी रियल्टी को स्पेक्ट्रम बेचने की मंजूरी तत्कालीन वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने भी दी थी। इस बीच जहां प्रमुख विपक्षी दल बीजेपी ने जहां सरकार परऔरऔर भी

आयकर विभाग द्वारा 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले में धन की प्रवाह की जांच अब कोलकाता की उन 19 ‘संदिग्ध’ कंपनियों पर आकर टिक गई है, जिनका कलैगनर टीवी ने कथित रूप से सिनेयुग के 230 करोड़ रुपए के लौटाने के लिए इस्तेमाल किया है। यह राशि कलैगनर टीवी ने कर्थित तौर पर ‘कर्ज’ के रूप में ली थी। स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाले की अपनी जांच के दौरान आयकर विभाग ने कोलकाता की 19 कंपनियों पर शिकंजा कसा है, जिनकाऔरऔर भी

केन्द्रीय कपडा मंत्री दयानिधि मारन भी 2जी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाले की जांच के संदर्भ में सुप्रीम कोर्ट की निगाह में आ गए हैं। कोर्ट की निगरानी में मामले की जांच कर रही एजेंसी, सीबीआई ने 71 पेज की एक नई रिपोर्ट कोर्ट में पेश की है। इसमें कहा गया है कि वर्ष 2004 से 2007 के दौरान जब मारन दूरसंचार मंत्री थे, उस समय एयरसेल के प्रवर्तक सी शिवशंकरन पर कंपनी में अपनी हिस्सेदारी मलयेशिया के मैक्सिसऔरऔर भी

केंद्रीय मंत्री दयानिधि मारन ने इन आरोपों को खारिज किया है कि उन्होंने दूरसंचार मंत्री के पद पर रहते हुए एयरसेल के पूर्व प्रमुख सी शिवशंकरन को अपना बिजनेस बेचने के लिए दबाव डाला था। मारन ने जोर देकर कहा कि वे उचित अधिकारियों के सामने खुद को निर्दोष साबित कर देंगे। मारन ने मंगलवार को चेन्नई में संवाददाताओं से कहा, ‘‘आप में ज्यादातर यह कहानी बनाने का प्रयास कर रहे हैं कि मैंने एक व्यक्ति कोऔरऔर भी

अनिश्चितताओं का क्रम जारी है। बहुत से अनुत्तरित सवाल बाजार को डोलायमान किए हुए हैं। पिछले सेटलमेंट में सेंसेक्स 17,770 तक गिरने के बाद सुधरकर 18,600 पर आया ही था कि कुछ नई बुरी खबरों ने पटरा कर दिया। यकीनन, कच्चा तेल, मुद्रास्फीति और ब्याज दरों का बढ़ना जैसे पुराने मुद्दे बरकरार हैं। लेकिन इधर ग्रीस में फिर से उभरे ऋण संकट और अमेरिका में आई सुस्ती ने बाजार की मानसिकता को चोट पहुंचाई है। यहां तकऔरऔर भी

राजनीतिक हलकों में अपनी रिपोर्टों से तहलका मचानेवाली पत्रिका तहलका की ताजा रिपोर्ट 2 Gone, 1 to Go ने यूपीए सरकार के कपड़ा मंत्री दयानिधि मारऩ की हालत खराब कर दी है। पहले मुख्य विपक्षी दल बीजेपी ने उन पर निशाना साधा और अब तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिला ने मारन से इस्तीफा देने को कहा है। जयललिता ने चेन्नई में मीडिया को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘मारन को इस्तीफा दे देना चाहिए और कानूनी कार्यवाही का सामनाऔरऔर भी

स्पाइसजेट, देश की सस्ती विमान सेवा कंपनी। हवाई यात्राओं के बाजार में 13.6 फीसदी हिस्सेदारी, लेकिन गुड़गांव के राकेश अग्रवाल व राहुल भाटिया की कंपनी इंडिगो एयरलाइंस के 19.7 फीसदी हिस्से से कम। स्पाइसजेट के पास 29 बोइंग-737 एयरक्राफ्ट हैं जो 23 शहरों में हर दिन कुल 192 उड़ाने भरते हैं। वह 11 बॉम्बार्डियर क्यू-400 एयरक्राफ्ट खरीदने वाली है और एक बोइंड 737 लीज पर लेगी, जिसके बाद उसके बेड़े में 43 एयरक्राफ्ट हो जाएंगे। कंपनी इसीऔरऔर भी

लाइसेंस शर्तों के अनुसार समय पर सेवाएं शुरू नहीं करने वाले ऑपरेटरों का लाइसेंस रद्द करने के मुद्दे पर भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) और दूरसंचार विभाग (डॉट) के बीच विवाद और गहरा गया है। ट्राई ने दूरसंचार विभाग से कहा है कि वह 69 में से सिर्फ 15 लाइसेंस रद्द करने के विचार पर मामला दर मामला कारण बताए। दूरसंचार मंत्रालय से पत्र मिलने की पुष्टि करते हुए ट्राई के चेयरमैन जे एस शर्मा ने कहा,औरऔर भी

दिल्ली हाईकोर्ट ने 2जी स्पेक्ट्रम घोटाला मामले में यूनिटेक के प्रबंध निदेशक संजय चन्द्रा और रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी समूह के प्रबंध निदेशक गौतम दोशी समेत विभिन्न कंपनियों के पांच बड़े अधिकारियों की जमानत की याचिका सोमवार को खारिज कर दी। इनमें डीबी रीयल्टी के प्रवर्तक विनोद गोयनका और रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी समूह के अधिकारी हरि नायर और सुरेन्द्र पिपारा की अर्जी भी शामिल हैं। ये सभी आरोपी 20 अप्रैल से जेल में हैं। न्यायमूर्ति अजितऔरऔर भी

बाजार को कल ही आईआईपी (औद्योगिक उत्पादन सूचकांक) के शानदार आंकड़ों के बाद 5600 के पार चला जाना चाहिए था। लेकिन भारतीय बाजार ने एक बार फिर साबित कर दिखाया कि वह कुछ ट्रेडरों और एफआईआई के कार्टेल के शिकंजे में है जो फिजिकल सेटलमेंट के अभाव में बाजार को जब चाहें, मनमर्जी से नचा सकते हैं। रिटेल निवेशक आईआईपी के घोषित होने के बाद उत्साहित होकर खरीद बढ़ाने लगे तो इस कार्टेल ने निफ्टी पर चोटकरऔरऔर भी