जो बात आप में से बहुतों ने नोट करने के बावजूद अनदेखी कर दी होगी, वो अब केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) की भी नजर में आ गई है और वह इसके प्रति काफी गंभीर है। देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी भारतीय जीवन बीमा निगम (एलआईसी) की बहुतेरी शाखाओं में तय सीमा वाले प्रीमियम की रसीदों पर रेवेन्यू स्टैम्प या रसीदी टिकट नहीं लगाया जाता जिससे सरकारी खजाने को हर साल भारी नुकसान हो रहा है। बताऔरऔर भी

पूंजी बाजार नियामक संस्था, सेबी से गए हुए चंद्रशेखर भास्कर भावे को अभी तीन महीने भी नहीं बीते हैं कि उनके पुराने कर्मों की स्थगित पड़ताल शुरू हो गई है। सेबी ने सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि उसका बोर्ड 2003-06 के आईपीओ घोटाले में डिपॉजिटरी सेवा कंपनी, एनएसडीएल को क्लीनचिट देने के अपने फैसले पर पुनर्विचार करने को तैयार है। उक्त तीन सालों में एनएसडीएल के प्रमुख सी बी भावे ही थे। सुप्रीम कोर्ट की एकऔरऔर भी

प्रस्तावित नए कंपनी कानून के अनुसार कंपनियों को अपनी सालाना रिपोर्ट में सामाजिक क्षेत्र पर खर्च की गई राशि के अलावा इस क्षेत्र में किए गए कार्यों का विस्तृत विवरण देना होगा। कंपनी विधेयक 2009 के पारित होने के बाद कंपनियों को अपने शेयरधारकों को समाजिक कार्यों पर खर्च राशि के साथ-साथ यह भी बताना होगा कि कंपनी की सामाजिक जिम्मेदारी (सीएसआर) के तहत धन कहां-कहां खर्च किया गया। कंपनियों के लिए अपने शुद्ध लाभ का 2औरऔर भी

सुप्रीम कोर्ट ने सहारा इंडिया रीयल एस्टेट को निर्देश दिया है कि वह ओएफसीडी (ऑप्शनी फुली कनवर्टिबल डिबेंचर) स्कीम के आवेदन का फॉर्मैट और कंपनी की तरफ से धन जुटानेवाले अपने सभी मान्यताप्राप्त एजेंटों की सूची उपलब्ध कराए। सुप्रीम कोर्ट ने सहारा परिवार की इस कंपनी को यह निर्देश तब दिया जब कंपनी ने कहा कि वह निवेशकों द्वारा दिए गए गलत पतों व अन्य ब्यौरों के लिए जवाबदेह नहीं है। प्रधान न्यायाधीश एस एच कपाडिया कीऔरऔर भी

सुप्रीम कोर्ट ने माना है कि पहली नजर में सहारा प्रमुख सुब्रत रॉय के खिलाफ 2जी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाले की जांच में हस्तक्षेप करने का मामला बनता है। इस आधार पर कोर्ट ने शुक्रवार को सहाराश्री के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू करने का नोटिस जारी कर दिया। कोर्ट ने इसके साथ ही दो पत्रकारों – उपेंद्र राय और सुबोध जैन को भी नोटिस जारी किया है। इन दोनों पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के जांच अधिकारी राजेश्वरऔरऔर भी

पूंजी बाजार नियामक संस्था, सेबी ने अपनी निवेशक हेल्पलाइन सेवा का ठेका किसी बाहरी कंपनी को देने का फैसला किया है। इस कॉल सेंटर में 500 एजेंटों की जरूरत होगी जो आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) और ट्रेडिंग जैसे तमाम मामलों के बारे में निवेशकों के फोन का जवाब देंगे। इससे कुछ ही हफ्ते पहले भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी) ने निवेशकों की शिकायतों के निपटाने का जिम्मा किसी अन्य कंपनी को देने का निर्णय किया था।औरऔर भी

केंद्र सरकार ने देश भर में फैले करीब 2.73 लाख ग्रामीण डाक सेवकों को रिटायरमेंट के बाद वित्तीय सुरक्षा देने के लिए विशेष स्कीम शुरू की है। इसमें डाक सेवक को अपनी तरफ से कोई खर्च या निवेश नहीं करना होगा। भारत सरकार का डाक विभाग हर ग्रामीण डाक सेवक के खाते में प्रति माह 200 रूपए जमा करेगा। इस तरह जमाराशि से 65 साल की उम्र मे रिटायर होने पर ग्रामीण डाक सेवकों और उनके पति/पत्‍नीऔरऔर भी

विदेशी बैंकों में जमा काले धन का पता लगाने और उसे देश में वापस लाने के लिए कदम उठाने की खातिर एक विशेष जांच दल गठित करने के अनुरोध पर सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया। न्यायमूर्ति बी सुदर्शन रेड्डी और न्यायमूर्ति एस एस निज्जर ने उस याचिका पर भी फैसला सुरक्षित रख लिया जिसमें सरकार को जर्मनी के लीश्टेंस्टाइन बैंक में काला धन रखने वाले लोगों के नाम सार्वजनिक करने के लिएऔरऔर भी

एलआईसी के इतिहास में ऐसा आज तक नहीं हुआ था। सरकार ने देश की इस सबसे बड़ी जीवन बीमा कंपनी के चेयरमैन टी एस विजयन का कार्यकाल बढ़ाने के बजाय उन्हें डिमोट तक प्रबंध निदेशक (एमडी) बना दिया है। फिलहाल वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवा विभाग के अतिरिक्त सचिव राकेश सिंह को एलआईसी का चेयरमैन बना दिया गया है। लेकिन सूत्रों के मुताबिक यह तात्कालिक व्यवस्था है। खुद राकेश सिंह ने कहा है कि एलआईसी का चेयरमैनऔरऔर भी

रिजर्व बैंक ने तय किया कि बैंक पिछले वित्त वर्ष की आखिरी तारीख 31 मार्च को अपनी नेटवर्थ के 10 फीसदी से ज्यादा रकम म्यूचुअल फंडों की लिक्विड स्कीमों में निवेश नहीं कर सकते। मौद्रिक नीति में इस कदम की घोषणा करते हुए रिजर्व बैंक गवर्नर डी सुब्बाराव ने कहा कि इस कदम से बैंकों व म्यूचुअल फंडों के बीच चल रहे सर्कुलर कारोबार को तोड़ने की कोशिश की गई है। बैंक म्यूचुअल फंडों की ऋण आधारितऔरऔर भी