हल्ला था कि धनलक्ष्मी बैंक का अधिग्रहण होने जा रहा है और वह अपनी कम से कम 30 शाखाएं बंद कर देगा। लेकिन ऐसा कुछ नहीं हुआ। सोमवार को प्रेस कांफ्रेंस में बैंक के सीईओ व प्रबंध निदेशक पीजी जयकुमार ने स्पष्ट कह दिया, “शाखाओं को बंद करने की हमारी कोई योजना नहीं है। हम बढ़ना चाहते हैं।” बता दें कि अधिग्रहण की चर्चाओं के बीच धनलक्ष्मी बैंक का शेयर पिछले एक महीने में 57.20 रुपए सेऔरऔर भी

आइशर मोटर्स का दस रुपए अंकित मूल्य का शेयर 4 मई 2011 को बीएसई में 1119 रुपए की तलहटी पर था। ठीक 11 महीने बाद पिछले हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन, 4 अप्रैल 2012 को 2210 रुपए की चोटी पर जा पहुंचा। इसी दौरान एनएसई में यह 1114 रुपए से 2214 रुपए तक पहुंचा है।. न्यूनतम से उच्चतम के बीच करीब-करीब दोगुना फासला! 11 महीने में 98 फीसदी का रिटर्न!! यह है शेयर बाजार में निवेश कीऔरऔर भी

सारी दुनिया को अरसे से पता था कि चूंकि एस्ट्राज़ेनेका फार्मा इंडिया में विदेशी प्रवर्तक कंपनी की इक्विटी हिस्सेदारी 90 फीसदी है। इसलिए पूंजी बाजार नियामक संस्था, सेबी के दिशानिर्देशों के मुताबिक उसे जून 2013 तक इसे घटाकर 75 फीसदी पर लाना होगा। अन्यथा उसे शेयर बाजार की गलियां छोड़कर कंपनी को डीलिस्ट कराना होगा। लेकिन महीने भर पहले 6 मार्च को जब देश के सबसे बड़े आर्थिक अखबार इकनॉमिक टाइम्स ने पेज नंबर 12 की लीडऔरऔर भी

जहां स्टॉक एक्सचेंजों की लिस्टिंग की इजाजत मिलने के बाद देश के 137 साल पुराने स्टॉक एक्सचेंज बीएसई में उल्लास का माहौल होना चाहिए था, वहीं वहां अचानक सन्नाटा खिंच गया है क्योंकि पिछले तीन सालों में एक्सचेंज को नया व गतिशील स्वरूप देनेवाले उसके प्रबंध निदेशक व सीईओ मधु कन्नन उसे बीच मंझधार में छोड़कर जा रहे हैं। टाटा संस के उप-चेयरमैन और दिसंबर से रतन टाटा की जगह टाटा समूह की बागडोर संभालनेवाले सायरस मिस्त्रीऔरऔर भी

संजय लालभाई का समूह कंपनियों के ऐसे नाम रखता है जैसे बेटों का नाम रख रहा हो। अनिल, अतुल, अमोल, अरविंद। जी हां, इस समूह की बहुत पुरानी कंपनी है अरविंद लिमिटेड। किसी नाम की मोहताज नहीं। डेनिम में दबदबा है। जहां ली, रैंगलर, ऐरो व टॉमी हिलफिगर जैसे अंतरराष्ट्रीय ब्रांड भारत में इसी कंपनी के जरिए चलते हैं, वहीं फ्लाइंग मशीन, न्यूपोर्ट, एक्ज़ालिबर और रफ एंड टफ इसके अपने ब्रांड हैं। आपको यह जानकर आश्चर्य होगाऔरऔर भी

हमें कुछ बेचना नहीं, न ही बिकवाना है। हम तो बस आपका परिचय देश में लिस्टेड करीब 5000 कंपनियों से करा देना चाहते हैं ताकि आप निवेश का फैसला अच्छी तरह कर सकें। एक बात गांठ बांध लें कि कोई भी रिसर्च संस्था, ब्रोकरेज हाउस या व्यक्ति अगर किसी कंपनी में निवेश की सलाह देता है तो हमेशा उस सलाह को अपने स्तर पर ठोंक-बजाकर देख लेना जरूरी है क्योंकि निवेश के फैसले हर व्यक्ति की जोखिमऔरऔर भी

1977 में दो कर्मचारियों से शुरू करनेवाली केरल की कंपनी वी-गार्ड इंडस्ट्रीज अब 1300 से ज्यादा कर्मचारियों की कंपनी बन चुकी है। पहले केवल वोल्टेज स्टैबलाइजर बनाती थी। अब पम्प, मोटर, इलेक्ट्रिक वॉटर हीटर, सोलर वॉटर हीटर, केबल, सीलिंग फैन व डिजिटल यूपीएस तक बनाती है। पहले अकेली इकाई कोयंबटूर में थी। अब इसकी चार उत्पादन इकाइयां हैं। दो कोयम्बटूर में, एक उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर जिले में और एक हिमाचल प्रदेश के सिरमौर ज़िले में। देशऔरऔर भी

नैटको फार्मा मध्यम आकार की दवा कंपनी है। एक्टिव फार्मा अवयव (एपीआई), फॉर्मूलेशन और कांट्रैक्ट मैन्यूफैक्चरिंग सेवाओं का बिजनेस करती है। देश में कैंसर संबंधी दवाएं बनाने की अग्रणी कंपनी है। 1981 में आंध्र प्रदेश से शुरुआत की। 2008 तक अमेरिका पहुंच गई। 2011 में उसने अमेरिकी कंपनी लिवोमेड के साथ मिलकर एक संयुक्त उद्यम बना डाला जो ब्राज़ील के लिए दवाएं बनाता व बेचता है। इसी महीने भारत सरकार के पेटेंट निकाय ने एक ऐतिहासिक फैसलेऔरऔर भी

सेंसेक्स आज 300 अंक नहीं बढ़ा, बल्कि 200 अंक से ज्यादा का गोता लगा गया। लेकिन रोलओवर की तकलीफ अब बीतती दिख रही है। मेरा मानना है कि जिन स्टॉक्स में रिटेल निवेशक व ट्रेडर लांग रहे हैं, वे बदतर स्तर पर बंद होंगे। इनमें एचडीआईएल, वोल्टास और वीआईपी जैसे स्टॉक्स शामिल हैं जिन्होंने इस सीरीज में अच्छा-खासा रिटर्न दिया है। आज एचडीआईएल 5.72 फीसदी, वोल्टास 3.99 फीसदी और वीआईपी इंडस्ट्रीज 4.19 फीसदी गिरा है। दूसरी तरफऔरऔर भी

वीएसटी इंडस्ट्रीज देश की प्रमुख सिगरेट निर्माता कंपनी है। 1930 में हैदराबाद शहर में उसका गठन हुआ था तो नाम वज़ीर सुल्तान टोबैको कंपनी हुआ करता था। चार्म्स, चारमीनार और मोमेंट्स उसी के ब्रांड हैं। यूं तो सिगरेट के बाजार में विल्स और गोल्ड फ्लैक जैसे ब्रांड़ों के साथ आईटीसी का कमोबेश एकाधिकार है। लेकिन ब्रोकरेज फर्म आईसीआईसीआई सिक्यूरिटीज का कहना है कि सस्ते सिगरेटों के बाजार में वीएसटी का दबदबा है और कंपनी को लोगों कीऔरऔर भी