कैबिनेट सचिवालय ने फोन टैपिंग पर दी गई अपनी रिपोर्ट में सिफारिश की है कि केंद्रीय प्रत्‍यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) को या तो टेलीफोन टैपिंग के लिए अधिकृत एजेंसियों की सूची से बाहर निकाल दिया जाए या विशेष परिस्थितियों में गृह सचिव की मंजूरी लेने के बाद ही उसे इसकी इजाजत दी जाए। सचिवालय ने स्पष्ट किया है कि कानून केवल कर चोरी का पता लगाने के लिए टेलीफोन टैपिंग और बातचीत की निगरानी करने की अनुमतिऔरऔर भी

केंद्रीय कैबिनेट सचिव के एम चंद्रशेखर को टेलीफोन टैपिंग के मुद्दे पर गौर करने और रिकॉर्ड की गई बातचीत को लीक होने से रोकने के उपाय सुझाने को कहा गया है। उनको यह निर्देश खुद प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने दिया है। कैबिनेट सचिव को अपनी रिपोर्ट एक महीने के भीतर मंत्रिमंडल के सामने पेश कर देनी है। प्रधानमंत्री ने मंगलवार को राजधानी दिल्ली में कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय द्वारा आयोजित ‘इंडिया कॉरपोरेट वीक’ के उद्घाटन समारोह में यहऔरऔर भी