केंद्र सरकार ने जापान व चीन से आयात की जानेवाली इनर्ट या अक्रिय गैसों पर पांच साल के लिए एंटी-डंपिग शुल्क लगा दिया है। ये गैसें आमतौर पर घरेलू रेफ्रीजरेटर या वाहनों के एसी में इस्तेमाल की जाती हैं। इन पर लगाया गया एंडी-डंपिंग शुल्क 0.69 डॉलर से लेकर 1.41 डॉलर प्रति किलो होगा। वित्त मंत्रालय से संबद्ध राजस्व विभाग का कहना है कि यह शुल्क अगर किसी वजह से खत्म नहीं किया गया तो अगले पांचऔरऔर भी

अब लाभ न कमानेवाली या मामूली लाभ कमानेवाली लिस्टेड कंपनी भी प्रबंधन से जुड़े प्रोफेशनल को बेधड़क हर महीने 4 लाख रुपए से ज्यादा का वेतन व भत्ता दे सकती है। इसके लिए उसे केंद्र सरकार से कोई इजाजत नहीं लेनी पड़ेगी। अभी तक इससे पहले कंपनी को सरकार की मंजूरी लेना जरूरी था। लेकिन कॉरपोरेट कार्य मंत्रालय ने कंपनी एक्ट 1956 के संबंधित प्रावधान को ही अब बदल दिया है। कंपनी एक्ट 1956 के अनुच्छेद –औरऔर भी

भारत को परमाणु बिजली के क्षेत्र में झाड़ पर चढ़ाने की कोशिश हो रही है क्योंकि जब बाकी दुनिया परमाणु बिजली को तौबा कर रही है तब भारत उन गिने-चुने देशों में शामिल हैं जो इस दिशा में तेजी से आगे बढ़ने का मंसूबा पाले हुए है और बाहर से परमाणु रिएक्टर आयात कर सकता है। लेकिन भारत में आम राय इसके खिलाफ न जाए, इसलिए ऐसा दिखाने की सायास कोशिश हो रही है कि भारत इसऔरऔर भी

एक तरफ रिलायंस इंडस्ट्रीज (आरआईएल) के शेयरों में गिरावट के दौर में एफआईआई (विदेशी संस्थागत निवेशकों) और घरेलू निवेशक संस्थाओं (डीआईआई) ने अप्रैल से जून 2011 के बीच कंपनी में अपना निवेश घटा दिया है, वहीं एलआईसी और फ्रैंकलिन टेम्प्लेटन इनवेस्टमेंट फंड ने धारा के खिलाफ चलते हुए कंपनी में अपना निवेश बढ़ा दिया है। साथ ही इस दौरान कंपनी के साथ करीब 17,000 नए रिटेल निवेशक जुड़ गए हैं। मुकेश अंबानी के मालिकाने और बाजार पूंजीकरणऔरऔर भी

केन्‍द्र सरकार ने भंडारण क्षमता बढ़ाने और खाद्यान्‍नों की आवाजाही पर वि‍चार-वि‍मर्श के लि‍ए अनाज की खरीद करने वाले प्रमुख राज्‍यों के मंत्रि‍यों की एक बैठक बुधवार, 20 जुलाई को बुलाई है। उपभोक्‍ता मामलात, खाद्य व सार्वजनि‍क वि‍तरण राज्‍य मंत्री के वी थॉमस नई दि‍ल्‍ली में होनेवाली इस बैठक की अध्‍यक्षता करेंगे। इसमें कई केन्‍द्रीय मंत्रालयों के वरि‍ष्‍ठ अधि‍कारी, योजना आयेाग के प्रति‍नि‍धि‍ और वि‍शि‍ष्‍ट पहचान प्राधि‍करण के अध्‍यक्ष नंदन निलेकणी भी भाग लेंगे। दि‍न भर चलनेऔरऔर भी

सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी एनपीसीआईएल (न्यूक्लियर पावर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड) ने सोमवार को राजस्थान के रावतभाटा में 700 मेगावॉट के परमाणु बिजली संयंत्र की आधारशिला रख दी। इसे परमाणु संयंत्रो के लिए तकनीकी भाषा में एफपीसी (फर्स्ट पोर ऑफ कांक्रीट) कहते हैं। एफपीसी की तारीख से परमाणु संयंत्र का निर्माण शुरू हुआ माना जाता है। रावतभाटा का यह संयंत्र या रिएक्टर देश में बनाए गए 700 मेगावॉट के दो प्रेसराइज्ड हैवी वॉटर रिएक्टर (पीएचडब्ल्यूआर) का हिस्साऔरऔर भी

इंदौर से संचालित होनेवाला मध्य प्रदेश स्टॉक एक्सचेंज (एमपीएसई) करीब एक दशक के अंतराल के बाद 23 जुलाई से दोबारा अपनी कारोबारी गतिविधियां शुरू करने जा रहा है। एक्सचेंज के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी है। एमपीसीई के निदेशक (ऑपरेशन) आशीष गोयल ने एक समाचार एजेंसी को बताया कि एमपीएसई के सदस्य 23 जुलाई से नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) और बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) के प्लेटफॉर्म पर अपने नाम से कारोबार कर सकेंगे। उन्होंने बतायाऔरऔर भी

भंडारण सुविधाओं की तंगी से तंग आकर सरकार ने चार साल पहले गेहूं निर्यात पर लगाया गया प्रतिबंध उठा लिया है। यह फैसला करीब हफ्ते भर पहले 11 जुलाई को मंत्रियों के अधिकार प्राप्त समूह की बैठक में लिया जा चुका है। लेकिन कृषि मंत्री शरद पवार ने दिल्ली में यह जानकारी शनिवार को दी। जब उनसे मीडिया ने पूछा कि क्या गेहूं निर्यात पर बैन हटाया जा चुका है तो उनका जवाब था, “हां, अब कोईऔरऔर भी

केंद्र सरकार को कुल टैक्स का 56% हिस्सा अब आयकर या कॉरपोरेट करों के रूप में प्रत्यक्ष करों से मिंलता है। बाकी 44% टैक्स ही एक्साइज व कस्टम जैसे परोक्ष करों से मिलता है। नब्बे के दशक तक स्थिति यह थी कि सरकार को मात्र 12% प्रत्यक्ष करों से मिलते थे और 88% अप्रत्यक्ष या परोक्ष करों से। वित्त वर्ष 2010-11 में केंद्र सरकार का कुल प्रत्यक्ष कर संग्रह 4.46 लाख करोड़ रुपए रहा है, जबकि परोक्षऔरऔर भी

सरकार केरल के कोच्‍चि शहर में मनी लॉन्‍ड्रिंग पर एशिया प्रशांत समूह (एपीजी) की 14वीं सालाना बैठक तथा 10वें सालाना तकनीकी सहायता व प्रशिक्षण फोरम का आयोजन 18 से 22 जुलाई, 2011 तक करेगी। वित्‍त मंत्री प्रणव मुखर्जी मंगलवार, 19 जुलाई 2011 को अपना उद्घाटन भाषण देंगे। इस बैठक में एशिया प्रशांत क्षेत्र और दुनिया भर के तीन सौ से ज्‍यादा वरिष्‍ठ अधिकारियों के भाग लेने की संभावना है। इसमें वित्‍तीय कार्रवाई कार्यदल (एफएटीएफ) के अध्‍यक्ष इटलीऔरऔर भी