प्रधानमंत्री के सलाहकार सैम पित्रोदा की अध्‍यक्षता में रेल मंत्रालय द्वारा भारतीय रेल के आधुनिकीकरण के लिए गठित विशेषज्ञ समूह ने सोमवार को अपनी रिपोर्ट रेल मंत्री दिनेश त्रिवेदी को सौंप दी। उसके द्वारा प्रस्ताविक आधुनिकीकरण की कुल अनुमानित लागत 5,60,396 करोड़ रुपए है। इसका एक अंश उसने यात्रियों पर सरचार्ज लगाकर जुटाने को कहा है। उसका कहना है कि भारतीय रेल को अपने उपक्रमों के विनिवेश के साथ ही धन जुटाने के दूसरे उपायों पर भीऔरऔर भी

सरकारी तेल कंपनियां इस हफ्ते शनिवार, 3 मार्च को उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनावों का सातवां व आखिरी दौर खत्म होते ही पेट्रोल व डीजल के दाम बढ़ा सकती हैं। सूत्रों के मुताबिक जहां पेट्रोल के दाम प्रति लीटर 4 रुपए बढ़ाए जा सकते हैं, वहीं डीजल के दाम में भी कम से कम 2 रुपए प्रति लीटर की वृद्धि हो सकती है। इससे पहले कंपनियों ने 1 दिसंबर 2011 को पेट्रोल के दाम बदले थे। बताऔरऔर भी

अमेरिका में भारत के नियंत्रक व महालेखा परीक्षक (सीएजी) की तर्ज पर जीएओ नाम की संस्था काम करती है। इसे पहले जनरल एकाउंटिंग ऑफिस कहा जाता था। लेकिन साल 2002 से अमेरिकी संसद ने इसका काम व नाम बदलकर गवर्नमेंट एकाउंटेबिलिटी ऑफिस कर दिया। अमेरिका के मौजूदा महानियंत्रक जीन डोदारो हैं। वहां जीएओ प्रमुख का कार्यकाल 15 साल का है। डोदारो की नियुक्ति इस पद पर डेढ़ साल पहले हुई थी और उनका बाकी कार्यकाल करीब 13.5औरऔर भी

चुटकी भर टिप्स, मुठ्ठी भर मंत्र। यही अपना मूल मकसद है। टिप्स तो बहाना है, असली काम तो आपको बताना है शेयर बाजार ही नहीं, पूरे वित्तीय बाज़ार की बारीकियों के बारे में ताकि कोई आपको झांसा न दे सके और आप अपने फैसले खुद ले सकें। ऐसे में हर बड़ी खबर या घटना का इस्तेमाल हमें जानने-समझने के मौके के रूप में करना चाहिए। शनिवार को वेदांत समूह ने अपनी एक कंपनी स्टरलाइट इंडस्ट्रीज को दूसरीऔरऔर भी

मैं तो बांस का एक टुकड़ा भर हूं, जिसने बाहर से आनेवाली हवाओं के लिए कई झरोखे काट रखे हैं। अगर बहती हवा के झोंके, किसी की सांसों का वेग इसे बांसुरी बना देता है तो इसमें मेरी क्या भूमिका!और भीऔर भी

फिरौती, राजनीति, धर्म और धंधा – चारों में पब्लिक से वसूली की जाती है। फिरौती में फौरी तो राजनीति में स्थाई भय दिखाकर वसूली की जाती है, जबकि धर्म और धंधे में वसूली बड़े प्यार से की जाती है।और भीऔर भी

सुब्बु सब जानता है। बचत खाते की 6 फीसदी ब्याज दर पर कोटक महिंद्रा बैंक का यह विज्ञापन आपने देखा ही होगा। शेयर बाजार के बारे में भी यही कहा जाता है कि वह सब जानता है। आप उसे चौंका नहीं सकते क्योंकि उसे पहले से सब पता रहता है। लेकिन यह आंशिक सच है, पूरा नहीं। ज़िंदगी की तरह बाजार में भी चौंकने की गुंजाइश हमेशा बनी रहती है। बाजार हमेशा वर्तमान को पचाकर और भविष्यऔरऔर भी

अपने को जानने का मतलब है अपने शरीर, मन और इस दुनिया-जहान की संरचना को जानना, इनकी मूल प्रकृति व अंतर्संबंधों को समझना। आज आंखें मूंदकर अपने को जानने की कसरत बेमतलब है।और भीऔर भी

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी का खास अंदाज था कि वे देश की हर समस्या के पीछे विदेशी हाथ बता देती थीं। अब हमारे ताजा प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने भी लगता है कि वही शॉर्टकट अपना लिया है। उन्होंने साइंस पत्रिका में शुक्रवार को छपे एक इंटरव्यू में कहा है कि भारत में परमाणु संयंत्रों को लगाने के विरोध के पीछे अमेरिका के अ-सरकारी संगठनों (एनजीओ) का हाथ है। आपको याद ही होगा कि महाराष्ट्र के जैतापुर केऔरऔर भी

किसी समय पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश ने दुनिया में खाने-पीने की चीजों की बढ़ती महंगाई के लिए भारत व चीन जैसे देशों में आम लोगों की बढ़ती क्रयशक्ति को जिम्मेदार ठहराया था। अब मौजूदा अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने पेट्रोलियम तेल की कीमतों में हो रही वृद्धि के लिए भारत, चीन व ब्राजील जैसे देशों में बढ़ रही मांग को जिम्मेदार ठहरा दिया है। साथ ही उन्होंने अपने रिपब्लिकन प्रतिद्वंद्वियों पर तेल कीमतों में वृद्धिऔरऔर भी