इस साल सरकार के बाजार ऋण का इंतजाम करना काफी मुश्किल होगा। यह कहा है कि सरकार के मुख्य ऋण प्रबंधन रिजर्व बैंक ने अपनी सालाना रिपोर्ट में। गुरुवार को जारी इस रिपोर्ट में रिजर्व बैंक ने कहा है कि अभी तरलता की जैसी कसी हुई हालत है और बैंकों ने जिस तरह तय सीमा से ज्यादा निवेश एसएलआर प्रतिभूतियों (सरकारी बांडों) में कर रखा है, वैसे में सरकार द्वारा वित्त वर्ष 2011-12 के लिए निर्धारित बाजारऔरऔर भी

खाद्य मुद्रास्फीति 13 अगस्त को खत्म हफ्ते के दौरान एक बार फिर दहाई अंक के करीब 9.80 फीसदी पर पहुंच गई। खाद्य वस्तुओं की मंहगाई दर में यह बढ़ोतरी खासकर प्याज, टमाटर, फल व दूध, अंडा और मछली जैसे प्रोटीन के स्रोत वाली चीजों की कीमतों के दबाव के कारण हुई। थोक मूल्य सूचकांक पर आधारित खाद्य मुद्रास्फीति इससे पिछले सप्ताह 9.03 फीसदी पर थी। एक साल पहले इसी अवधि में खाद्य मुद्रास्फीति 14.56 फीसदी थी। सरकारऔरऔर भी

जिस टैक्स को बचाने के लिए लोगबाग अपना धन स्विटजरलैंड के बैंकों में जमा कराते हैं और वह सफेद से काला हो जाता है, उस पर स्विटजरलैंड सरकार ने टैक्स लगाने की शुरुआत कर दी है। ब्रिटेन व जर्मनी के साथ खास समझौते के बाद स्विस बैंकों में जमा वहां के नागरिकों के कालेधन पर टैक्स लगाया जाएगा। भारत व स्विटजरलैंड के बीच ऐसी संधि हो जाने पर भारतीयों के कालेधन पर भी स्विटजरलैंड में टैक्स लगायाऔरऔर भी

सरकारी इस्पात कंपनी सेल (स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड) चालू वित्त वर्ष में मार्च 2012 तक देश के ग्रामीण इलाकों में 1000 से ज्यादा डीलरों की नियुक्ति करेगी। ऐसा नई ग्रामीण डीलरशिप स्कीम के तहत किया जाएगा। इस स्कीम का मकसद देश के अंदरूनी इलाकों में कंपनी के ब्रांडेड उत्पादों को पहुंचाना है। कंपनी की तरफ से जारी ताजा बयान में कहा गया है, “स्कीम में तय किया गया है कि चालू वित्त वर्ष के दौरान देशऔरऔर भी

देश में सक्रिय 77,850 एनजीओ को 2005-06 से लेकर 2008-09 के दौरान विदेशी स्रोतों से करीब 40,000 करोड़ रुपए मिले हैं। यह जानकारी गृह राज्यमंत्री मुल्लापल्ली रामचंद्रन ने राज्यसभा में दी है। उन्होंने बताया कि 2005-06 में 18,650 एनजीओ को 7889.12 करोड़ रुपए मिले थे। इसके बाद 2006-07 में 19,462 एनजीओ को 11,111.12 करोड़ रुपए, 2007-08 में 19,247 एनजीओ को 9723.96 करोड़ रुपए और 2008-09 में 20,499 एनजीओ को 10,837.49 करोड़ रुपए के बराबर सहायता राशि याऔरऔर भी

दुनिया की प्रमुख क्रेडिट रेटिंग एजेंसी मूडीज ने जापान के सरकार ऋणों की रेटिंग घटा दी है। उसने इसे एक पायदान नीचे खिसका कर Aa3 कर दिया है। अभी तक यह Aa2 थी। एजेंसी ने कहा कि 2009 की मंदी के बाद से ही जापान का ऋण बढ़ता जा रहा है और वहां राजनीतिक नेतृत्व बहुत तेजी से बदल रहा है जिससे कारगर आर्थिक रणनीति नहीं अपनाई जा पा रही है। बता दें कि जापान में पांचऔरऔर भी

वित्त मंत्रालय सर्विस टैक्स के बारे में ऐसी सूची तैयार कर रहा है, जिसके बाहर की सभी सेवाओं पर टैक्स लगाया जाएगा। इसे निगेटिव लिस्ट या निषेध सूची का नाम दिया गया है। प्रस्तावित जीएसटी (माल व सेवा कर) की नई प्रणाली लागू हो जाने के बाद इस सूची की अहमियत बढ़ जाएगी। इसी के मद्देनजर सरकार यह सूची तैयार कर रही है। लेकिन सरकार की तात्कालिक चिंता यह है कि देश में पंजीकृत कुल 15 लाखऔरऔर भी

अगले कुछ महीनों में कई भारतीय और चीनी कारें अमेरिकी बाजार में पेश की जाने वाली हैं। लेकिन एक नई रिपोर्ट में पाया गया कि ज्यादातर अमेरिकी टाटा, महिंद्रा और बीवाईडी जैसी कंपनियों की कारें नहीं खरीदना चाहते। बाजार अनुसंधान कंपनी जीएफके ऑटोमोटिव की एक रिपोर्ट में पाया गया कि चीन और भारत के वाहन निर्माताओं को वही दिन देखने पड़ेंगे जो कोरियाई वाहनों को अमेरिका में लांच किए जाने के बाद देखना पड़े थे। उपभोक्ताओं कोऔरऔर भी

अर्थव्यवस्था पर नजर रखनेवाली प्रमुख शोध संस्था सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकनॉमी (सीएमआईई) का आकलन है कि मानसून खत्म होने के बाद निर्माण गतिविधियों में तेजी आएगी जिससे सीमेंट की कीमतों में तेजी आ सकती है। सीएमआईई ने अपनी मासिक समीक्षा में कहा है कि मानसून के बाद निर्माण गतिविधियों में तेजी की संभावना है। इससे सीमेंट की मांग बढ़ सकती है। नतीजतन सीमेंट की कीमत चढ़ेगी। रिपोर्ट के अनुसार मई के बाद मांग नरम पड़ने सेऔरऔर भी

सरकार ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) में आवश्यक वस्तुओं को निर्धारित लोगों तक पहुंचाने के लिए हरियाणा व चंडीगढ़ में स्मार्ट कार्ड योजना प्रायोगिक आधार पर शुरू कर दी है। इस योजना के तहत वर्तमान राशन कार्डों को स्‍मार्ट कार्ड से बदला जा रहा है। उपभोक्‍ता मामलात, खाद्य व सार्वजनिक वितरण मंत्री के वी थॉमस ने लोकसभा में एक प्रश्‍न के लिखित उत्‍तर में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि लक्षित सार्वजनिक वितरण प्रणाली (टीपीडीएस) की कार्यक्षमताऔरऔर भी