सरकार ने राष्‍ट्रीय भूमि‍ रि‍कॉर्ड आधुनि‍कीरण कार्यक्रम (एनएलआरएमपी) को शुरू करने के तीन साल बाद इसके अंतर्गत तीन केंद्र बनाने को मंजूरी दे दी है। ये केंद्र पश्‍चि‍म बंगाल के सालबोनी, संघशासित क्षेत्र पुडुचेरी और उड़ीसा के बेरहामपुर में खोले जाएंगे। अभी चल रहे वित्त वर्ष 2011-12 में हरेक केंद्र के लि‍ए 196 लाख रुपए मंजूर कि‍ए गए हैं। ग्रामीण विकास मंत्रालय का दावा है कि मंजूरी मि‍लने के दि‍न से साल भर के अंदर ये केंद्रऔरऔर भी

रिजर्व बैंक ने चार और बैंकों को देश में सोना-चांदी आयात करने की इजाजत दे दी है। ये बैंक हैं – यस बैंक, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, सिटी यूनियन बैंक और आईएनजी वैश्य बैंक। इन्हें मिलाकर अब कुल 35 बैंक देश में सोना-चांदी का आयात कर सकते हैं। बता दें कि भारत दुनिया में सोने का सबसे बड़ा आयातक देश बना हुआ है। लेकिन हर किसी को बाहर से सोना मंगाने की इजाजत नहीं है। केवल रिजर्व बैंकऔरऔर भी

सरकार ने मंगलवार को सिंगल ब्रांड रिटेल में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) की सीमा 51 फीसदी से बढ़ाकर 100 फीसदी करने की अधिसूचना जारी कर दी है। लेकिन जिन भी विदेशी दुकानों में 51 फीसदी से ज्यादा एफडीआई की जाएगी, उन्हें अपने बेचे जानेवाले माल के कुल मूल्य का कम से कम 30 फीसदी हिस्सा छोटे उद्योगों, ग्रामीण व कुटीर उद्योगों, दस्तकारों व शिल्पकारों से खरीदना होगा। वाणिज्‍य व उद्योग मंत्रालय के औद्योगिक नीति और संवर्द्धन विभागऔरऔर भी

भले ही अमेरिका में आर्थिक सुस्ती और यूरोप में वित्तीय संकट का हल्ला हो, लेकिन जर्मन कार निर्माता कंपनी फोल्क्सवागेन (वीडब्ल्यू) ने बीते साल 2011 में साल भर पहले के मुकाबले 14 फीसदी ज्यादा कारें बेची हैं और 81.5 लाख से ज्यादा कारें बेचकर नया रिकॉर्ड बनाया है। उसने जापान की टोयोटा मोटर्स को पीछे छोड़ दिया। असल में जापानी कार कंपनी टोयोटा के उत्पादन को सुनामी और फुकुशिमा परमाणु दुर्घटना की वजह से नुकसान हुआ। उसनेऔरऔर भी

कॉरपोरेट क्षेत्र में बहस छिड़ी है कि प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह देश के लिए वरदान हैं या अभिशाप। देश की सबसे बड़ी हाउसिंग फाइनेंस कंपनी, एचडीएफसी के प्रमुख दीपक पारेख जैसे दिग्गज कहते हैं कि डॉ. सिंह के रूप में हमें अब तक के सबसे अच्छे प्रधानमंत्री मिले हैं। वे एकदम बेदाग राजनेता हैं। इसलिए देश के वरदान हैं। वहीं दूसरा पक्ष कहता है कि डॉ. सिंह भले ही स्वच्छतम छवि के नेता हों, लेकिन उन्होंने जिसऔरऔर भी

महिंद्रा एंड महिंद्रा समूह का हिस्सा बन चुकी महिंद्रा सत्यम तीन साल पुराने उस दाग को पूरी तरह निकाल देने में लगी है, जब उसका नाम सत्यम कंप्यूटर सर्विसेज हुआ करता था और उसके मूल प्रवर्तक रामालिंगा राजू ने कंपनी के खातों में करीब 14,000 करोड़ रुपए की गड़बड़ी की थी। राजू ने 7 जनवरी 2009 को किए गए खुलासे में खातों में करीब 7800 करोड़ के घपले की बात मानी थी। लेकिन बाद में यह रकमऔरऔर भी

सहारा समूह को सुप्रीम कोर्ट से फौरी राहत मिल गई है। अदालत ने सैट (सिक्यूरिटीज अपीलेट ट्राब्यूनल) के उस आदेश पर रोक लगा दी है जिसमें उसने सहारा समूह की दो कंपनियों को 17,400 करोड़ रुपए निवेशकों को लौटाने के लिए कहा था। सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश एस एच कापड़िया की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने सहारा समूह की याचिका को स्वीकार कर लिया और मामले की अगली सुनवाई के लिए 20 जनवरी की तारीख मुकर्रर कीऔरऔर भी

देश की तेल मार्केटिंग कंपनियों की अंडर-रिकवरी दिसंबर तिमाही में लगभग 34,000 करोड़ रुपए की हो सकती है। इसमें से सबसे ज्यादा करीब 19,000 करोड़ की अंडर-रिकवरी इंडियन ऑयल की होगी। यह आंकड़े इंडियन ऑयल के वित्त निदेशक पी के गोयल ने सोमवार को एक संवाददाता सम्मेलन में पेश किए। इस खबर के आने के बाद सभी तेल कंपनियों के शेयरों के भाव घट गए। बता दें कि सरकारी तेल मार्केटिंग कंपनियां – इंडियन ऑयल, हिंदुस्तान पेट्रोलियमऔरऔर भी

जर्मन चांसलर अंगेला मैर्केल  ने कहा है कि ग्रीस को तब तक नई सहायता नहीं दी जा सकती, जब तक वो पिछली सहायता के इस्तेमाल में वाजिब प्रगति नहीं दिखाता। सोमवार को फ्रांस के राष्ट्रपति निकोलस सारकोजी के साथ बैठक के बाद बर्लिन में आयोजित एक संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में मैर्केल ने यह बात कही। उन्होंने बताया कि कल, मंगलवार को वे ग्रीस के संकट पर अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की प्रमुख क्रिस्टीन लैगार्ड से बातचीत करनेवालीऔरऔर भी

इस बार देश में दहलन और तिलहन कम बोया गया है। अभी तक दालों की बुआई 140.66 लाख हेक्‍टेयर में हुई है, जबकि पिछले वर्ष यह रकबा 142.38 लाख हेक्‍टेयर था। चने की बुआई पिछले वर्ष की इसी अवधि में 92.77 लाख हेक्‍टेयर की तुलना में 87.22 लाख हेक्‍टेयर में की गई है। तिलहन के मामले में पिछले वर्ष के 85.5 लाख हेक्‍टेयर की तुलना में अब तक 80.96 लाख हेक्‍टेयर क्षेत्र में बुआई की जाने कीऔरऔर भी