प्राइमरी बाजार ही वह चौराहा है, वो दहलीज है, जहां निवेशक पहली बार कंपनी से सीधे टकराता है। प्रवर्तक पब्लिक इश्यू (आईपीओ या एफपीओ) के जरिए निवेशकों के सामने अपने जोखिम में हिस्सेदारी की पेशकश करते हैं। निवेशक खुद तय करके अपने हिस्से की पूंजी दे देता है। फिर कंपनी सारी पूंजी जुटाकर अपने रस्ते चली जाती है और निवेशक अपने रस्ते। निवेशक की पूंजी चलती रही, कहीं फंसे नहीं, तरलता बनी रहे, कंपनी के कामकाज़ कोऔरऔर भी

जहां गंदगी होती है, क्षरण वहीं होता है। जहां सफाई है, वहां स्वाभाविक विकास चलता रहता है। यही प्रकृति का नियम है। इसलिए विकास के लिए जरूरी शर्त है कि गंदगी को बराबर साफ करते रहा जाए।और भीऔर भी

अगले दस सालों में सरकार देश के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में मैन्यूफैक्चरिंग क्षेत्र के योगदान को 25 फीसदी पर पहुंचा देंगी और दस करोड़ रोज़गार के नए अवसर पैदा करेगी। वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी ने राष्ट्रीय मैन्यूफैक्चरिंग नीति के इस उद्देश्य को बड़े जोर-शोर से पेश किया है। वे मंगलवार को दिल्ली में उद्योग संगठन एसोचैम के 91वें सालाना सम्मेलन में बोल रहे थे। बता दें कि केंद्रीय सांख्यिकी संगठन (सीएसओ) की तरफ से जारी ताजाऔरऔर भी

सरकार ने मंगलवार को पहली बार मुद्रास्फीति के वो आंकड़े जारी किए जिनका वास्ता औद्योगिक खपत से नहीं, बल्कि आम उपभोक्ता के जीवन से है। उपभोक्ता मूल्य सूचकांक के आधार पर नए साल के पहले महीने जनवरी में मुद्रास्फीति 7.65 फीसदी रही है। जनवरी माह की ही थोक मूल्य सूचकांक पर आधारित मुद्रास्फीति 6.55 फीसदी रही है। इस तरह उपभोक्ताओं के लिए मुद्रास्फीति की दर औद्योगिक खपत से 1.10 फीसदी ज्यादा है। खास बात यह है किऔरऔर भी

पाकिस्तान सरकार ने विश्वविख्यात ऐतिहासिक स्थल मोहनजोदड़ो को पर्यटक स्थल के रूप में विकसित करने की मंज़ूरी दे दी है। उसने इस महत्वाकांक्षी योजना के लिए दस करोड़ रुपए मंज़ूर किए हैं। इस योजना के तहत मोहनोजदड़ो में सास्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए एक मास्टर प्लान तैयार किया जाएगा। इस स्थल को पिछले साल अप्रैल में पाक सरकार ने सिंध प्रांत के हवाले कर दिया था और प्रांतीय सरकार ने मोहनजोदड़ो को दुरुस्त करने केऔरऔर भी

एक तरफ किंगफिशर एयरलाइंस अपना वजूद बचाने के चक्कर में लगी हुई है, सरकार ने उसे कोई भी आर्थिक पैकेज देने से इनकार कर दिया है, उसकी उड़ानें रद्द होने का सिलसिला जारी है, दूसरी तरफ कुछ लोग आम निवेशकों को इसके शेयर खरीदने की सलाह दे रहे हैं। उनका कहना है कि यह स्टॉक जल्दी ही ‘बाउंस-बैक’ करेगा। निवेशकों को ऐसे लोगों की बातों में कतई नहीं आना चाहिए क्योंकि वे लोग वैसे घाघ उस्तादों केऔरऔर भी

किसी शेयर की बुक वैल्यू 320 रुपए हो और उसका शेयर इसके लगभग आधे भाव पर ट्रेड हो रहा तो आप क्या करेंगे? ऊपर से शेयर दस से नीचे के पी/ई अनुपात पर ट्रेड हो रहा तो हर कोई कहेगा – लूट लो, यह शेयर तो साल भर में दोगुना हो ही सकता है। लेकिन सवाल उठता है कि क्या बुक वैल्यू का ज्यादा होना ही निवेश का पर्याप्त मानदंड है? क्या कम पी/ई का मतलब उसऔरऔर भी

नित नए-नए प्रेक्षण से पुरानी धारणाएं बदलती ही नहीं, परिष्कृत होती चलती हैं। लेकिन जिसने आंख, कान, नाक बंदकर प्रेक्षण करना ही बंद कर दिया है, वे तो ताज़िंदगी गांधी के तीन बंदर ही बने रहेंगे।और भीऔर भी

साल 2012 का पहला आईपीओ (शुरुआती पब्लिक ऑफर) बड़े ही धमाकेदार अंदाज में आ रहा है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया लिमिटेड (एमसीएक्स) का इश्यू बुधवार को खुलेगा और प्राइस-बैंड 860 से 1032 रुपए रखा गया है। लेकिन ग्रे मार्केट में अभी से इसमें ऊपरी मूल्य पर 350 से 400 रुपए का प्रीमियम चल रहा है। इससे आईपीओ के प्रति निवेशकों के रुझान का अंदाज़ा लगाया जा सकता है। निवेशकों को इस इश्यू से शुरुआत में हीऔरऔर भी

सोमवार को महाशिवरात्रि की छुट्टी। बाजार मंगलवार को खुलेगा। डेरिवेटिव सौदों का सेटलमेंट इसके दो दिन बाद गुरुवार 23 फरवरी को पूरा होगा। इस तरह रोलओवर के लिए मंगलवार को मिलाकर तीन दिन ही बचे हैं। सिद्धांत कहता है कि बीते हफ्ते जिस तरह बाजार 3 फीसदी बढ़ा है, उसमें अब करेक्शन आना चाहिए। लेकिन भारतीय बाजार का व्यवहार कहता है कि गुरुवार तक ऐसा होने के आसार नहीं है। कुछ जानकारों का कहना है कि शुक्रवारऔरऔर भी