लिमिट 30-32% तक तो तेज़ी का संकेत
मार्केट वाइड पोजिशन लिमिट (MWPL) कहां तक पहुंच जाए तो माना जा सकता है कि शेयर बाज़ार अब तलहटी पकड़ चुका है और अब तेज़ी का रुख वापस आ रहा है? जानकार बताते हैं कि यह सीमा कम से कम 30-32% तक पहुंच जाए और कुछ दिनों तक बराबर इसके आसपास या इससे ऊपर बनी रहे, तब माना जा सकता है कि तेज़ी का सूरज अब उगने जा रहा है। अभी तो स्थिति यह है कि बीतेऔरऔर भी
एक और डेटा खोले है बाज़ार का राज़!
शेयर बाज़ार के रुख को भांपनेवाला तीसरा अहम संकेतक है मार्केट वाइड पोजिशन लिमिट (MWPL)। इसका भी वास्ता डेरिविटिव्स सेगमेंट से है। इसका डेटा हर दिन एनएसई की वेबसाइट पर डेली मार्केट रिपोर्ट्स के डेरिवेटिव्स वाले हिस्से में मिलता है। इससे पता चलता है कि सेबी और एनएसई ने जितने डेरिवेटिव एक्सपोज़र की इजाज़त दे रखी है, उसमें से बाज़ार ने कितना इस्तेमाल किया है। मान लीजिए कि किसी स्टॉक के फ्यूचर्स व ऑप्शंस में एक करोड़औरऔर भी
मस्त हैं मंदड़िए, तेजड़िए पड़े लस्त-पस्त
शेयर बाज़ार की अभी जो स्थिति चल रही है, उससे कभी-कभी तो दिन की ट्रेडिंग के दौरान निफ्टी का बेसिस ऋणात्मक हो जाता है। मतलब तब निफ्टी फ्यूचर्स का भाव निफ्टी के कैश बाज़ार के भाव से कम या डिस्काउंट पर रहता है। इस तरह शेयर बाज़ार में निराशा की भंवर से निकल कर तेज़ी की राह दिखानेवाला ‘बेसिस’ नाम का दूसरा संकेतक फिलहाल निराश कर रहा है। मंदड़ियों में शॉर्ट करने का जबरदस्त माद्दा है औरऔरऔर भी
फ्यूचर्स पर दांव लगाना क्यों बना रिस्की!
कुछ महीने पहले जब अपने शेयर बाज़ार पर तेज़ी का सुरूर छाया था, तब अक्टूबर, नवंबर व दिसंबर में बैंक निफ्टी व निफ्टी से लेकर स्टॉक्स तक के फ्यूचर्स व कैश सेगमेंट के भाव में काफी अंतर था। उस दौरान फ्यूचर्स का प्रीमियम या बेसिस काफी ज्यादा हुआ करता था। लेकिन आज यह बेसिस बहुत मामूली रह गया। अमूमन होता यह है कि डेरिवेटिव चक्र या महीने की शुरुआत में फ्यूचर्स का प्रीमियम बहुत ज्यादा होना चाहिएऔरऔर भी
कटे कंपनियों का रिस्क, बाज़ार का नहीं
सभी कंपनियों का धंधा एक जैसा नहीं चमकता तो उनके शेयरों की चाल एक जैसी कैसे हो सकती है? इसीलिए शेयर बाज़ार में समझदार निवेशक एक नहीं, अनेक कंपनियों में धन लगाते हैं। निवेश की गई कंपनियों के इसी सेट को पोर्टफोलियो कहते हैं। सवाल उठता है कि पोर्टफोलियो में कितनी कंपनियों के शेयर होने चाहिए ताकि उनका अलग-अलग रिस्क आपस में कटकर पूरे बाज़ार के समतुल्य या बराबर हो जाए? जानकार मानते हैं कि आदर्श पोर्टफोलियोऔरऔर भी






