ब्रिटेन के कम से कम पांच विश्वविद्यालयों ने लीबिया के साथ किए गए करीब 40 लाख पाउंड के करार से हाथ खींच लिया है। हालांकि आंकड़ों के अनुसार ब्रिटेन के लगभग सारे विश्वविद्यालयों में लीबिया के राष्ट्रपति मुअम्मर गद्दाफी के पैसे लगे हैं। मैनचेस्टर मेट्रोपॉलिटन, टेसाइड, लीवरपूल जॉन मूर्स और एडिनबर्ग स्थित ग्लैमोरगन एण्ड क्वीन मागरेट विश्वविद्यालय ने घोषणा की है कि उन्होंने लीबिया के शासकों के साथ वहां हो रहे संघर्ष के मद्देनजर 300 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओंऔरऔर भी

शुक्रवार को आए शक्तिशाली भूकंप और सुनामी से भयंकर आपदा में फंसे जापान का संकट आज, सोमवार को तब और गहरा गया जब फुकुशिमा परमाणु संयंत्र में एक हाइड्रोजन विस्फोट हो गया। विस्फोट में तीन लोगों के घायल होने की खबर है। समाचार एजेंसी क्योदो के मुताबिक मुख्य कैबिनेट सचिव युकियो एदानो ने कहा कि संयंत्र का परिचालन करने वाली कंपनी टोक्यो इलेक्ट्रिक पावर कापरेरेशन (टेप्को) ने विस्फोट की पुष्टि की है। विस्फोट से संयंत्र के कंटेनरऔरऔर भी

भारत दुनिया में हथियारों का सबसे बड़ा आयातक है। यहां तक कि चीन से भी बड़ा। स्टॉकहोम इंटरनेशनल पीस रिसर्च इंस्टीट्यूट की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक भारत ने 2006-10 के दौरान दुनिया के कुल हथियार निर्यात का 9% हिस्सा सोख लिया, जबकि चीन 6% के साथ दूसरे नंबर पर चला गया। भारत के हथियार आयात का 82% हिस्सा रूस से आया है। अमेरिका हथियारों का सबसे बड़ा निर्यातक है। उसके बाद रूस व जर्मनी का नंबर आताऔरऔर भी

कंपनियां भी हमारे-आप जैसे इंसान ही चलाते हैं तो जिस तरह अनागत का भय हमें कभी ज्योतिष तो कभी न्यूमेरोलॉजी के चक्कर में खींच ले जाता है, वैसा बहुत सारी कंपनियों के साथ भी होता है। जैसे, नाम सीधा-सा है एस डी एल्यूमीनियम। इसे पढ़ेंगे और हिंदी में लिखेंगे भी ऐसे, लेकिन अंग्रेजी में इसे कर दिया – Ess Dee Aluminium। खैर, हमें नाम से क्या, हमें तो काम से काम है। एस डी एल्यूमीनियम का शेयरऔरऔर भी

कभी-कभी किसी के साथ रहना सज़ा से कम नहीं होता। सज़ा आजीवन कारावास की हो तो और सांसत! गुनाह किया हो तो सज़ा कुबूल है। लेकिन बगैर गुनाह के सज़ा मिलना तो सरासर नाइंसाफी है भाई।और भीऔर भी

जापान के फुकुशिमा परमाणु बिजली संयंत्र के तीसरे रिएक्टर में भी कूलिंग सिस्टम ने काम करना बंद कर दिया है। उसमें भीतर से दबाव बढ़ने लगा है और वहां कभी भी विस्फोट हो सकता है। इस तरह का अंदेशा जापान के मुख्य कैबिनेट सचिव युकिओ एडानो और संयंत्र के ऑपरेटर ने जताया है। युकिओ एडानो ने रविवार को टोक्यो में दिए गए बयान में कहा कि भारी भूकंप से क्षतिग्रस्त हुए न्यूक्लियर रिएक्टर वाली इमारत में हाइड्रोडनऔरऔर भी

देश के तकरीबन सारे परिवार वित्तीय रूप से बीमार हैं। यह कहना है कि बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज के निदेशक बोर्ड की इकलौती महिला सदस्य और ब्रोकर फर्म असित सी मेहता की प्रबंध निदेशक दीना मेहता का। उनके मुताबिक, “आज के दौर में महिलाओं और बच्चों को वित्तीय क्षेत्र से दूर रखना कोई भी परिवार गवारा नहीं कर सकता। अपनी बचत फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) में रखने से कुछ नहीं होनेवाला क्योंकि मुद्रास्फीति आपके पैसे को खा जाती है।औरऔर भी

किसी समस्या का विकराल या मामूली लगना इससे तय होता है कि हम सो रहे हैं या जग रहे हैं। सोते वक्त जरा-सी समस्या भी भयावह लगती है। इसलिए पहले नींद से निकलें, फिर समस्या से लड़ाएं पंजा।और भीऔर भी

प्रकृति ने हर इंसान को मौलिक बनाया है। एक ही मां-बाप की संतानों में जीन्स का भिन्न समुच्चय। फिर भी अनुकृतियों से भरा समाज! दोष किसका? थोड़ा हमारा तो बहुत सारा जीने की शर्तों का।और भीऔर भी