केंद्रीय मंत्रिमंडल ने ब्याज दर में एक फीसदी सहायता देने के लिए हाउसिंग लोन की सीमा बढ़ाकर 15 लाख रुपए कर दी है। साथ ही यह सुविधा 25 लाख रुपए तक के मकान पर मिलेगी। निम्न मध्य वर्ग के लोगों को घर मुहैया कराने के लिए सरकार ने यह स्कीम सितंबर 2009 में शुरू की थी। मंगलवार को कैबिनेट ने मकान की कीमत और हाउसिंग लोन की सीमा बढ़ाने का प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। अभी तकऔरऔर भी

आर्थिक मामलों की कैबिनेट समिति ने 2012-13 में 2011-12 की रबी फसलों की खरीद के लिए न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य (एमएसपी) को मंगलवार को मंज़ूरी दे दी। गेहूं का न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य 1285 रूपए प्रति क्विंटल तय किया गया है। यह पिछले वर्ष के न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य की तुलना में 165 रूपए प्रति क्विंटल ज्यादा है। इस तरह गेहूं का समर्थन मूल्य 14.7 जौ का न्‍यूनतम समर्थन मूल्‍य 200 रूपए प्रति क्विंटल या 25.6 फीसदी बढ़ाकर 980 रूपएऔरऔर भी

रिजर्व बैंक गवर्नर डी सुब्बाराव का मानना है कि मुद्रास्फीति पर काबू पाना न केवल निकट भविष्य में, बल्कि लंबे समय में भी आर्थिक विकास की संभावनाओं को बेहतर बनाने के लिए जरूरी है। इसी सोच के तहत उन्होंने मौद्रिक नीति की दूसरी तिमाही समीक्षा में पंचों की राय के मुताबिक ब्याज दरों को 0.25 फीसदी बढ़ा दिया। अब तत्काल प्रभाव से रेपो दर बढ़कर 8.50 फीसदी हो गई है। इसके अनुरूप रिवर्स रेपो दर 7.50 फीसदीऔरऔर भी

इक्कीस साल एक महीने पहले सितंबर 1990 से देश में बैंकों की ब्याज दरों को बाजार शक्तियों या आपसी होड़ के हवाले छोड़ देने का जो सिलसिला हुआ था, वह शुक्रवार 25 अक्टूबर 2011 को रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति की दूसरी तिमाही समीक्षा के साथ पूरा हो गया। रिजर्व बैंक के गवर्नर दुव्वरि सुब्बाराव ने ऐलान किया, “अब वक्त आ गया है कि आगे बढ़कर रुपए में ब्याज दर को विनियंत्रित करने की प्रकिया पूरी करऔरऔर भी

वित्तीय और बैंक संकट के समाधान पर सहमति के लिए यूरोपीय नेता बुधवार को फिर से मिल रहे हैं। पूरे सप्ताहांत चले विचार-विमर्श के बावजूद इस पर विवाद रहा कि यूरो बचाव पैकेज को किस तरह से और प्रभावशाली बनाया जा सकता है। लेकिन इससे पहले जर्मन संसद बुंडेसटाग को भी हरी झंडी दिखानी होगी। फिलहाल जर्मन चांसलर अंगेला मैर्केल संसद में राजनीतिक पार्टियों और संसदीय दल के नेताओं को सारी स्थिति की जानकारी दे रही हैं।औरऔर भी

तेजी से हो रहे औद्योगिकीकरण के कारण भारतीय अर्थव्यवस्था दो साल बाद 2013 में चीन से भी तेज रफ्तार से बढ़ सकती है। यह अनुमान पेश किया है कि वैश्विक सलाहकार फर्म अर्न्स्ट एंड यंग ने। हालांकि अर्न्स्ट एंड यंग ने सोमवार को जारी अपनी रिपोर्ट में आगाह किया है कि भारत को महंगाई को काबू में करने की जरूरत है। रिपोर्ट में कहा गया है कि इस साल भारतीय अर्थव्यवस्था की वृद्धि दर 7.2 फीसदी हीऔरऔर भी

सरकारी खरीद एजेंसियों के पास 1 अगस्‍त 2011 तक चावल व गेहूं का कुल भंडार 611.46 लाख टन का था। इसमें से 252.71 लाख टन चावल और 358.75 लाख टन गेहूं है। यह सूचना खाद्य व उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय की तरफ से दी गई है। मंत्रालय के अनुसार, 1 अगस्‍त 2011 को चावल की खरीद पिछले खरीफ सीजन के 301.60 लाख टन के मुकाबले 325.99 लाख टन रही है। 2011-12 की रबी फसल के लिए गेहूंऔरऔर भी

शेयर बाजारों में सूचीबद्ध कंपनियों के विलय व अधिग्रहण पर पूंजी बाजार नियामक संस्था, सेबी का नया टेकओवर कोड शनिवार, 22 अक्टूबर 2011 से लागू हो गया है। नए नियमों के तहत किसी सूचीबद्ध कंपनी का अधिग्रहण दूसरी कंपनी के लिए महंगा हो जाएगा और पर यह आम शेयरधारकों के लिए ज्यादा आकर्षक हो जाएगा। सेबी ने पिछले महीने इन संहिता को अधिसूचित किया था और ये 22 अक्तूबर से प्रभावी हो गई है। नए नियमों केऔरऔर भी

तकरीबन सारे अर्थशास्त्री, बैंकर व जानकार यही मानते हैं कि मंगलवार, 25 अक्टूबर को रिजर्व बैंक मौद्रिक नीति की दूसरी तिमाही समीक्षा में ब्याज दरों को चौथाई फीसदी और बढ़ा देगा। रेपो दर को 8.50 फीसदी, रिवर्स रेपो दर को 7.50 फीसदी और तदनुसार एमएसएफ की दर को 9.50 फीसदी कर देगा। लेकिन वित्त मंत्रालय के कुछ सूत्रों का कहना है कि इस बार माहौल को खुशगवार बनाने के लिए रिजर्व बैंक ब्याज दरें बढ़ाने से बाजऔरऔर भी