हर चीज की अति हमेशा बुरी ही होती है, प्रतिक्रिया की भी। खासकर अति-प्रतिक्रिया निवेशक पर ज्यादा ही चोट करती है। मुद्रास्फीति, ब्याज दरों में वृद्धि और यहां से निकलकर विदेशी पूंजी के विकसित देशों में जाने को लेकर निफ्टी जिस तरह 200 दिनों के मूविंग एवरेज (डीएमए) से नीचे चला गया, वह निश्चित रूप से बाजार की अति-प्रतिक्रिया को दर्शाता है। ऐसा ही 2008 में लेहमान संकट के बाद हुआ था, जब तमाम ब्रोकर ढोल पीटऔरऔर भी

प्रधानमंत्री ने कह दिया है कि अगर संसद में सामान्य कामकाज की शर्त जेपीसी (संयुक्त संसदीय समिति) का गठन है तो वे यह शर्त मानने को तैयार हैं। बाजार के लिए यह अच्छी सूचना है। रिजर्व बैंक ब्याज दरों में वृद्धि का फैसला कल करने जा रहा है। बाजार इसके लिए तैयार है और शेयरों के मूल्य में ब्याज दरों के 0.50 फीसदी बढ़ने का असर गिन लिया गया है। अगर वृद्धि इससे कम होती है तोऔरऔर भी

विदा लेते साल 2010 के दौरान देश में भ्रष्टाचार और घोटालों के कई मामले सामने आए। इसके बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था नौ फीसदी की तेज रफ्तार के साथ आगे बढती दिखाई दी। पहले राष्ट्रमंडल खेल आयोजन में भ्रष्टाचार, फिर कॉरपोरेट जगत के लिये जनसंपर्क का काम करनेवाली नीरा राडिया के नेताओं, अधिकारियों और पत्रकारों के साथ बातचीत के टेप के सार्वजनिक होने और 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले से उठा तूफान। इन सब विवादों के बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था नौ फीसदीऔरऔर भी

2जी स्पेक्ट्रम आवंटन घोटाले पर विपक्ष संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) बनाने की मांग पर डटा हुआ है। लोकसभा सचिवालय से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार, अब तक संसद ने बेहद महत्वपूर्ण मुद्दों की जांच के लिए चार बार जेपीसी का गठन किया है। 987 में बोफोर्स तोप सौदे में दलाली के आरोपों की जांच के लिए पहली बार जेपीसी गठित की गई थी। इसके बाद हर्षद मेहता घोटाले की जांच के लिए 1992 में, केतन पारेख के घोटालेऔरऔर भी

एक तरफ 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले की जांच संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) से कराने की मांग पर बीजेपी की अगुआई में विपक्ष संसद से बाहर भी सरकार से भिड़ा हुआ है, वहीं दूसरी तरफ बीजेपी के ही वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी की अध्यक्षता वाली संसद की लोक लेखा समिति (पीएसी) ने इस मुद्दे पर विचार और सलाह मांगी है। श्री जोशी ने इस मुद्दे पर सोमवार, 27 दिसंबर को पीएसी की बैठक बुलाई है जिसमें लोगों कीऔरऔर भी

प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा है कि वे 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले के सिलसिले में संसद की लोक लेखा समिति (पीएसी) के सामने पेश होने को तैयार हैं। उन्होंने कांग्रेस के 83वें महाधिवेशन के दूसरे व आखिरी दिन अपने संबोधन में कहा कि अगर लोक लेखा समिति उन्हें 2जी स्पेक्ट्रम के बारे में पूछताछ के लिए बुलाती है तो उन्हें उसके सामने पेश होने में खुशी होगी क्योंकि उनके पास छिपाने को कुछ भी नहीं है। अपने शांतऔरऔर भी

यह कहावत तो आप में से बहुतों से सुनी होगी कि सूप बोले तो सूप, चलनियो बोले जिसमें छप्पन हैं छेद। इसी अंदाज में जिसका अघोषित नारा बन गया हो कि हम भ्रष्टन के भ्रष्ट हमारे, उस कांग्रेस पार्टी की अध्यक्ष सोनिया गांधी का कहना कि भ्रष्टाचार को कतई बरदाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने रविवार को राजधानी दिल्ली में पार्टी के 83वें महाधिवेशन का उद्घाटन करते हुए कांग्रेसजनों को सादगी व मितव्ययता का पाठ पठाया। उनका कहनाऔरऔर भी

आज निफ्टी के 5920 के पार जाते ही बाजार ने पहली जंग जीत ली। अब कम से कम इतना तय हो गया है कि बाजार इससे ज्यादा नीचे नहीं जाएगा। बुधवार,15 दिसंबर एक ऐसा दिन है जिस पर मैं दो वजहों से जमकर दांव लगा रहा हूं। एक, मॉयल की लिस्टिंग और दो, एडवांस टैक्स जमा करने का आखिरी दिन। एडवांस टैक्स के आंकड़ों से शेयरों के मूल्यों को आवेग मिलेगा क्योंकि तीसरी तिमाही में अभी तकऔरऔर भी

देश के संसदीय इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ है जब पूरे के पूरे सत्र में हंगामे और शोरगुल के अलावा एक भी काम नहीं हुआ। 9 नवंबर से शुरू और 13 दिसंबर को समाप्त हुए शीत्र सत्र ने संसद में गतिरोध का नया रिकॉर्ड बना दिया है। लेकिन सत्तारूढ़ दल विपक्ष की इस मांग को अब भी मानने को तैयार नहीं है कि 2जी स्पेक्ट्रम घोटाले की जांच संसदीय समिति (जेपीसी) से कराई जाए। यूपीए सरकारऔरऔर भी