मंगलवार को दशहरा। बुधवार मोहर्रम। दोनों में छिपा हुआ संदेश है असत्य पर सत्य की, बुराई पर अच्छाई की जीत। सत्यमेव जयते। आदर्श बाज़ार में भी अंततः सच ही जीतता है। लेकिन दिमाग पर धारणाओं की पट्टी बंधी हो तो सच सामने होते हुए भी नहीं दिखता। सच कहीं अकेले हीरे या मणि की तरह चमकता हुआ नहीं दिखता। वो सूचनाओं के मंथन, उनके मेल से निकलता है। सच सूचनाओं का सार है। अब सोम का व्योम…औरऔर भी