इतने बड़े बाज़ार व खिलाडियों में आम ट्रेडर की कोई औकात नहीं होती। सस्ता-मद्दा ट्रेडिंग सॉफ्टवेयर और बहुत हुआ तो लाख दो लाख की पूंजी। क्या पिद्दी और क्या पिद्दी का शोरबा! वहीं लाखों के सॉफ्टवेयर, सामने बड़े-बड़े स्क्रीन और बारीक से बारीक जानकारी तक पहुंचने में सक्षम संस्थागत व प्रोफेशनल ट्रेडर। ऐसे में आम ट्रेडर इन दिग्गजों की चाल भांपने का तरीका भर सीख ले तो कमाई कर सकता है। अब पकड़ते हैं मंगल की दृष्टि…औरऔर भी

शेयर, कमोडिटी या फॉरेक्स, हर तरह के वित्तीय प्रपत्रों की ट्रेडिंग स्वभाव से ही रिस्की है। बुनियादी नियम यह भी है कि रिस्क और रिटर्न में सीधा रिश्ता है। रिस्क ज्यादा तो रिटर्न ज्यादा और रिस्क कम तो रिटर्न कम। लेकिन इंसान का अंतर्निहित स्वभाव तो रिस्क से बचना है। ऐसे में न्यूनतम रिस्क में अधिकतम रिटर्न ही सबसे तर्कसंगत तरीका हो सकता है। यही हम सीखने और सिखाने में लगे हैं। परखें अब सोमवार का व्योम…औरऔर भी

निवेश का अपना-अपना नज़रिया। सभी लॉन्ग टर्म की बात करते हैं। लेकिन लॉन्ग टर्म मतलब कितना? कहते हैं कि कोई शेयर दस साल नहीं रखना तो दस मिनट भी न रखें। असल बात है आपकी होल्डिंग क्षमता, जरूरत और लक्ष्य। जैसे, साल भर पहले 160 पर तीन साल में 235 तक पहुंचने लक्ष्य के साथ खरीदने को कहा गया पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन 90% बढ़कर 304 पर पहुंच गया है तो बेचकर निकल लें। अब आज का तथास्तु…औरऔर भी

स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय में 80-90% लाने से एकदम अलग बात है प्रतियोगिता में जीतना। आप 90% लाकर भी इसमें हार सकते हैं और 45% लाकर भी जीत सकते हैं। शर्त इतनी कि आपको औरों पर बीस पड़ना पड़ेगा। ट्रेडिंग भी शुद्ध रूप से प्रतियोगिता है और वो भी एक से एक की। दोनों एक ही स्टॉक पकड़ते हैं। फायदे की सोचकर एक खरीदता है, दूसरा बेचता है। कामयाब होता एक ही। अब समझते हैं शुक्रवार का चक्र…औरऔर भी

मोदी सरकार ने शपथ लेने के हफ्ते भर में ही ‘मिनिमम गवर्नमेंट, मैक्सिमम गवर्नेंस’ के नारे का नमूना दिखाते हुए पिछली यूपीए सरकार द्वारा बनाए गए मंत्रियों के तीस समूह खत्म कर दिए थे। वे समूह विभिन्न मंत्रालयों में आपसी समन्वय के लिए बनाए गए थे। लेकिन अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा को खुश करने की बात आई तो सरकार ने अमेरिका के त्‍वरित निवेश प्रस्‍तावों और इनके कार्यान्‍वयन से संबंधित मुद्दों का समाधान करने के लिएऔरऔर भी