इस साल खाद्य सब्सिडी का बजट लक्ष्य 60,572 करोड़ रुपए है, जबकि 1 अप्रैल से 15 दिसंबर 2011 तक 45,125 करोड़ रुपए यानी इसका 74.5% हिस्सा बांटा जा चुका है। इससे पहले वित्त वर्ष 2009-10 में खाद्य सब्सिडी 58,242.45 करोड़ और 2010-11 में 62,929.56 करोड़ रही थी। यह सब्सिडी एफसीआई और राज्य सरकारों को सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत गरीबों के बीच सस्ता खाद्यान्न बेचने के लिए दी जाती है। नए खाद्य सुरक्षा विधेयक से इस सब्सिडीऔरऔर भी

रिजर्व बैंक के मुताबिक भारतीय बैंकों के करीब 9 लाख करोड़ रुपए के ऋण जोखिम से घिरे क्षेत्रों में फंसे हुए हैं। इन क्षेत्रों में टेलिकॉम, बिजली, रीयल एस्टेट, एविएशन व मेटल उद्योग शामिल हैं। ये सभी उद्योग किसी न किसी वजह से दबाव में चल रहे हैं। जैसे, मेटल सेक्टर अंतरराष्ट्रीय कीमतों व मांग के गिरने से परेशान है तो बिजली क्षेत्र बढ़ती लागत व ऊंची ब्याज दरों का बोझ झेल रहा है। धंधे पर दबावऔरऔर भी

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वन्यजीव संरक्षण को बढावा देने की योजना के तहत गुजरात सरकार ने लुप्तप्राय पक्षी सोनचिरैया को फलने-फूलने का माकूल माहौल देने के लिए कच्छ जिले में 1500 हेक्टेयर भूमि आवंटित की है। सोनचिरैया को अंग्रेजी में ग्रेट इंडियन बस्टर्ड (जीआईबी) कहा जाता है। राज्य सरकार ने ‘कच्छ ग्रेट इंडियन बस्टर्ड सैंक्चुअरी’ के नजदीक कच्छ के नालिया तालुका में दो वर्ग किलोमीटर में फैली भूमि आवंटित की है। इस लुप्तप्राय पक्षी के प्रजनन के लिए इस जगह कोऔरऔर भी

लोकपाल विधेयक पर सरकार अण्णा हज़ारे के आक्रामक तेवर के आगे नरम पड़ती दिख रही है। एक तरफ मुंबई के बांद्रा कुरला कॉम्प्लेक्स के एमएमआरडीए मैदान में हज़ारे को 27 दिसंबर से 15 दिनों तक अनशन करने की सरकारी अनुमति मिल गई है। वहीं, इसकी नौबत न ही आए, इसके लिए कल, मंगलवार दोपहर दो बजे विधेयक को अंतिम रूप देने के लिए कैबिनेट की बैठक बुलाई गई है। कानून मंत्री सलमान खुर्शीद के मुताबिक विधेयक काऔरऔर भी

यूपीए सरकार उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनावों के मद्देनजर बुनकरों के पैकेज घोषित कर रही है। लेकिन उसे यह नहीं पता कि किस राज्य में हरकरघा उत्पादों की बिक्री व निर्यात कितना है। सरकार के पास इसका कोई राज्यवार ब्यौरा नहीं है। यह बात सोमवार को लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कपड़ा राज्‍य मंत्री पनबाका लक्ष्‍मी ने स्वीकार की। बता दें कि रविवार को ही कैबिनेट ने बुनकरों के लिए 2350 करोड़ रुपए काऔरऔर भी

केरल में त्रिचूर की जिला उपभोक्ता अदालत ने रिलायंस समूह के प्रमुख मुकेश अंबानी के खिलाफ जारी गिरफ्तारी वारंट वापस से लिया है। यह वारंट अदालत ने एक मोबाइल फोन उपभोक्ता की याचिका पर जारी किया था और 15 फरवरी तक मुकेश को उपभोक्ता फोरम के सामने पेश होने को कहा है। रिलायंस के वकील के एस रविशंकर ने मीडिया को बताया कि 25,000 रुपए जमा कराने के बाद उन्होंने 16 दिसंबर को जारी वारंट वापस लेनेऔरऔर भी

शेयर बाजार में आया आतंकवादी धन आखिर है कहां? मीडिया ने जब तीन साल पहले इस पर जमकर हल्ला मचाया था, तब क्यों नहीं इसकी तहकीकात की गई? अब अचानक आतंकवादी धन का मसला उछाल दिया गया जिससे भारतीय शेयर बाजार को करीब 600 अंकों का धक्का लग चुका है। क्या कोई इसके पीछे का कोई तर्क या तुक समझा सकता है? सबसे अहम बात यह है कि इसे तब उछाला गया है जब संसद में बहसऔरऔर भी

बामर लॉरी तेल व प्राकृतिक गैस मंत्रालय के अधीन काम करनेवाली सरकारी कंपनी है। हालांकि सरकार का निवेश इसमें प्रत्यक्ष नहीं, बल्कि परोक्ष रूप से है और उसे इसकी प्रवर्तक नहीं माना जाता। 1972 से भारत सरकार इसकी मालिक बनी है। अंग्रेजों के जमाने की कंपनी है। 1 फरवरी 1867 को शुरुआत कोलकाता में पार्टनरशिप फर्म के रूप में हुई। शुरुआती सालों में वो चाय लेकर शिपिंग, बीमा से लेकर बैंकिंग और ट्रेडिंग से लेकर मैन्यूफैक्चिरंग तकऔरऔर भी

निष्काम भाव से कर्म दो ही तरह के लोग कर सकते हैं। एक, जिनका वर्तमान व भविष्य दोनों सुरक्षित हो और दो, जिनका वर्तमान व भविष्य इतना असुरक्षित हो कि उनके पास कोई चारा ही न बचा हो।और भीऔर भी