शायद ऐसा सालों बाद पहली बार हुआ है। पूंजी बाजार नियामक संस्था, सेबी ने निवेशकों की शिकायतों का समाधान न करने के लिए पांच लिस्टेड कंपनियों और उनके निदेशकों पर किसी भी तरह प्रतिभूति बाजार में उतरने या प्रतिभूतियों को प्रत्यक्ष अथवा परोक्ष तरीके से खरीदने-बेचने पर रोक लगा दी है। ये रोक तब जारी रहेगी जब तक ये कंपनियों निवेशकों की शिकायतें सुलझा नहीं देतीं। ये कंपनियां हैं – आशी इंडस्ट्रीज, एईसी एंटरप्राइसेज, सॉलिड कार्बाइड टूल्स,औरऔर भी

केंद्र सरकार ने लोकपाल विधेयक का मसौदा तैयार करने के लिए जागरूक नागरिकों और मंत्रियों की दस सदस्यीय समिति गठित करने की अधिसूचना जारी कर दी है। शनिवार को बाकायदा राजपत्र में इसे अधिसूचित कर देने के बाद देश के दूसरे गांधी बन चुके सामाजिक कार्यकर्ता अण्णा हजारे ने मंगलवार से जारी अपना आमरण अनशन तोड़ दिया। राजधानी दिल्ली में जंतर मंतर पर 73 वर्षीय हजारे ने अपने हजारों उत्साही समर्थकों के बीच सरकार की ओर सेऔरऔर भी

एक बार भोले शंकर ने दुनिया पर बड़ा भारी कोप किया। पार्वती को साक्षी बनाकर संकल्प किया कि जब तक यह दुष्ट दुनिया सुधरेगी नहीं, तब तक शंख नहीं बजाएंगे। शंकर भगवान शंख बजाएं तो बरसात हो। बरसात रुक गई। अकाल-दर-अकाल पड़े। पानी की बूंद तक नहीं बरसी। न किसी राजा के क्लेश व सन्ताप की सीमा रही और न किसी रंक की। दुनिया में त्राहिमाम-त्राहिमाम मच गया। लोगों ने मुंह में तिनका दबाकर खूब ही प्रायश्चितऔरऔर भी

काम ही राम है। केवल चार शब्दों की इस नन्हीं मुन्हीं कहावत में प्रागैतिहासिक युग से भी बहुत पहले की झांकी मिल जाती है कि किसी ईश्वरीय चमत्कार से मनुष्य मनुष्य नहीं बना बल्कि वह मेहनत और काम का ही करिश्मा है कि उसने मनुष्य के अगले दो पांवों को हाथों में तब्दील कर दिया अन्यथा वह अब तक चौपाया का ही जीवन जीता। पांवों का स्थान छोड़कर हाथ स्वतंत्र हुए तो पत्थर फैंकना, लकडी थामना औरऔरऔर भी

राजनीतिक आंदोलन में व्यक्ति व्यक्ति नहीं, बल्कि सामूहिक भावनाओं का प्रतीक होता है। ऐसे में व्यक्ति की खामियां निकालने वाले लोग अपनी नादानी में जनता नहीं, सत्ता के पाले में जा खड़े होते हैं।और भीऔर भी