शेयर बाज़ार की ट्रेडिंग लाखों लोगों का खेल है। इसलिए इसमें धूर्तता या चालाकियां नहीं चलती। यह दरअसल दिमागदार योद्धाओं का दैनिक संग्राम है। यहां सबसे तेज़ कंप्यूटर, सबसे तेज़ इंटरनेट कनेक्शन या सबसे तेज़ी से रिफ्रेश होनेवाले ब्रोकर टर्मिनल से कमाई नहीं होती। यहां ट्रेडर की कमाई इस बात से होती है कि वह कितनी ज्यादा से ज्यादा काम की सूचनाओं की कितनी तेज़ी से प्रोसेस कर न्यूनतम रिस्क में अधिकतम लाभ के ट्रेड में घुसताऔरऔर भी