निफ्टी-500 सूचकांक के 500 स्टॉक्स के बाद डेरिवेटिव सेगमेंट के 141 स्टॉक्स। उसमें भी रोज़ना औसतन 3000 कॉन्ट्रैक्ट वाले स्टॉक्स। इस तरह सूची छोटी होकर 70-80 स्टॉक्स तक पहुंच जाएगी। समझ लें कि ट्रेडिंग के काम को स्टॉक्स की यह सबसे बड़ी सूची है। आप डे-ट्रेडर, स्विंग अथवा मोमेंटंम ट्रेडर हों, इससे ज्यादा स्टॉक्स के चक्कर में पड़े तो चकरघिन्नी बन सकते हैं। स्टॉक की चाल तीन टाइमफ्रेम में तो देखनी ही पड़ेगी। अब सोम का व्योम…औरऔर भी