ट्रेडर को अपनी रुचि व धार खोजने के बाद वित्तीय बाज़ार से नियमित कमाने के लिए कुछ ज़रूरी बातें सीखनी पड़ती है। मसलन, पूंजी को कैसे संभालें, रिस्क कितना लेना है और बाज़ार में जो चल रहा है, आखिर उसके कारण व कारक क्या हैं? बफेट के दो नियमों की बारम्बार चर्चा होती है। पहला यह कि हमेशा अपनी मूल पूंजी बचाकर रखें और दूसरा नियम यह कि पहला नियम कभी न भूलें। अब मंगलवार की दृष्टि…और भीऔर भी

वित्तीय ट्रेडिंग का काम उतना जटिल नही है जितना हम समझते हैं। ऊपर से, एक बार सध जाए तो हम घर बैठे इतना कमा सकते हैं कि अपना और अपने परिवार का गुजारा मजे मे चल जाए। इसमें कुछ लोगों को शेयर बाज़ार जमता है तो कुछ को कमोडिटी या फॉरेक्स बाज़ार। आपको कौन-सा बाज़ार जमता है, यह आपको खोजकर निकालना होगा। फिर तो बस काम करना है। लेकिन अपनी मूल पूंजी बचाकर। अब सोमवार का व्योम…औरऔर भी

शेयर बाज़ार के शीर्ष सूचकांक निफ्टी व सेंसेक्स दोनों जब नए ऐतिहासिक शिखर पर हों, तब इनमें शामिल किसी ब्लूचिप कंपनी के शेयर का साल भर में 14% से ज्यादा गिर जाना गले नहीं उतरता। वह भी तब, जब वह निफ्टी-50 में अकेले 4.5% वजन रखती है और उसी की समकक्ष बहुराष्ट्रीय कंपनी का शेयर साल भर में 15% से ज्यादा बढ़ चुका है। आज तथास्तु में वही ब्लूचिप कंपनी जो निफ्टी-50 से लगभग 28% सस्ती है…औरऔर भी