सांसों पर ध्यान खोल देता बंद कपाट
2018-08-06
अवचेतन मन में बैठी नकारात्मक धारणाओं, विचारों और भावनाओं से समय रहते कैसे निजात पा ली जाए, यह बड़ा अहम मसला है। उनसे मुक्ति न पाई गई तो वे बड़ी घातक हो सकती हैं। इसे रोकने का पहला उपाय है कि हम अपने अंतर्मन के प्रति सचेत हो जाएं। पता लगाएं कि हमारे अंदर जाने-अनजाने क्या-क्या चलता रहता है। आंख मूंदने से यह काम नहीं होगा। हां, आनापान ध्यान इसका कारगर तरीका है। अब सोम का व्योम…औरऔर भी

