चीन में अभी धूप से करीब 5000 मेगावॉट बिजली बनती है। अपने सोलर पैनेल उद्योग के उत्पादन को खपाने के लिए उसने तय किया है कि 2015 तक वह सौर ऊर्जा की क्षमता 35,000 मेगावॉट तक पहुंचा देगा। वहीं, भारत में सौर ऊर्जा की मौजूदा क्षमता 1466 मेगावॉट है। दस साल में 2022 तक इसे 20,000 मेगावॉट तक पहुंचाने की योजना है। देश को परमाणु बिजली का खतरनाक ख्वाब दिखानेवाली यूपीए सरकार को सूरज की रौशनी मेंऔरऔर भी

कहावत है कि खुद मरे बिना स्वर्ग नहीं मिलता। उसी तरह खुद बाज़ार की थाह लिए बगैर कोई इससे नोट नहीं बना सकता। तो! ट्रेडर को बाज़ार की थाह लेने पर कितना वक्त लगाना चाहिए? बात डे-ट्रेडिंग नहीं, बल्कि पोजिशन ट्रेड की। नया ट्रेडर तो बुनियादी बातें सीखने पर जितना वक्त लगाए, उतना कम। जो इतना सीख चुका है, उसे रोज़ाना कम-से-कम दो घंटे बाज़ार के विश्लेषण और होमवर्क पर लगाने चाहिए। अब देखें बाज़ार की दशा-दिशा…औरऔर भी