भारतीय रिजर्व बैंक धीरे-धीरे रुपए को पूंजी खाते में परिवर्तनीय बढ़ाने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है। इसके तहत एक तो उसने तय किया है कि अब विदेशी यात्रा पर जाने पर कोई भारतीय नागरिक 2000 डॉलर के बजाय 3000 डॉलर ले सकता है। यह रकम लीबिया, इराक, ईरान, रूसी संघ और सीआईएस देशों के लिए पहले से 5000 ड़ॉलर है जिसे जस का तस रखा गया है। दूसरे, अभी तक प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) मेंऔरऔर भी

आप सुबह-सुबह फल या सब्जी के किसी थोक बाजार में चले जाएं वहां आपको खरीदार और विक्रेता हाथ को रूमाल से ढंककर सौदे करते हुए मिल जाएंगे। आप ऊपर-ऊपर देखकर समझ ही नहीं सकते कि आखिर हो क्या रहा है। असल में फल और सब्जी के थोक बाजार में इसे रूमाली सौदा कहते हैं और यह अरसे से चला आ रहा नितांत हिंदुस्तानी तरीका है। थोक बाजार में सौदा करते समय खरीदार और विक्रेता आपस में हाथऔरऔर भी

देश की अदालतों में इस समय चेक बाउंस के 38 लाख से ज्यादा मामले दाखिल हैं।  इनसे आजिज आकर अब सुप्रीम कोर्ट ने आउट-ऑफ-कोर्ट निपटारे के लिए दिशानिर्देश बना दिए हैं। चेक बाउंस को 1989 में दंडनीय अपराध माना गया और 2002 से इसमें समरी ट्रायल का प्रावधान किया गया। अब तय हुआ है कि अगर जिसका चेक बाउंस हुआ है, वह निचली अदालत के फैसले को चुनौती देता है तो उस पर दंड की रकम बढ़तीऔरऔर भी

आज का दिन स्टॉप लॉस के नाम रहा। निफ्टी 5200 अंक के नीचे पहुंचा तो हर तरफ सौदे काटने का सिलसिला चल निकला। चीन ने ब्याज दरें बढ़ा दी थीं और ऑस्ट्रेलिया ने मेटल के दाम। इसलिए दुनिया के बाजारों में पहले से ही थोडी कमजोरी का आलम था। बाजार को तब सदमा-सा लग गया जब ग्रीस ने कह दिया कि उसके लिए 110 अरब यूरो की रकम शायद काफी न पड़े। हमारे लिए इसका क्या मतलबऔरऔर भी

ग्रेफाइट इंडिया के शेयर पिछले एक महीने में 88.25 रुपए तक नीचे जाने के बाद 107.20 रुपए तक ऊपर जा चुके हैं। मंगलवार को बीएसई में यह 1.37 फीसदी की बढ़त के साथ 103.60 रुपए पर चल रहा है। खास बात यह है कि 107 रुपए पर भी इस शेयर का पीई अनुपात 6.86 का है, जबकि इसी उद्योग की दूसरी कंपनियां का पीई अनुपात 9.75 से 24.77 तक है। शेयर के मौजूदा भाव और बुक वैल्यूऔरऔर भी

पहली जुलाई 2010 या उसके बाद किसी भी यूलिप (यूनिट लिंक्ड इश्योरेंस पॉलिसी) के पेंशन प्लान में सुरक्षा कवच या सम-एश्योर्ड रखना जरूरी होगा। बीमा नियामक संस्था, आईआरडीए ने सोमवार को सभी जीवन बीमा कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों को एक सर्कुलर भेजकर यह निर्देश दिया है। अभी तक पेंशन प्लान में जीवन बीमा कंपनियां कुछ भी सम-एश्योर्ड नहीं देती हैं। पॉलिसी काल में अगर बीमाधारक की मृत्यु हो जाती है तो उसे तब तक अपना जमा प्रीमियमऔरऔर भी

अक्सर हम ढूंढ कुछ रहे होते हैं और हमें मिल कुछ और जाता है। असल में लगातार चल रही इस दुनिया में कुछ लोगों, कुछ चीजों को हमारी भी तलाश रहती है। हमने उसे खोजा या उसने हमको, इससे फर्क नहीं पड़ता।और भीऔर भी

देश-विदेश की 24 प्रमुख वित्तीय संस्थाओं में से कुछ का मानना है कि वित्त वर्ष 2010-11 की पहली तिमाही में भारतीय अर्थव्यस्था या सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की विकास दर 10.2 फीसदी रह सकती है। उनके मुताबिक अप्रैल-जून 2010 की तिमाही में कृषि की विकास दर 4 फीसदी, उद्योग की विकास दर 14.3 फीसदी व सेवा क्षेत्र की विकास दर 10.8 फीसदी रहेगी और औद्योगिक मूल्य सूचकांक (आईआईपी) में 15.4 फीसदी की बढ़ोतरी होगी। यह बात रिजर्वऔरऔर भी