झूठ, झांकी और झांसा, अब और नहीं!
2024-06-11
कॉरपोरेट क्षेत्र की आशा, उम्मीद और प्रगति से ही शेयर बाज़ार चमकता है। उसने उम्मीद जताई है कि मोदी की सरकार में बनी नई एनडीए सरकार अधिक साहसी आर्थिक सुधारों पर अमल करेगी। उसने यह तो साफ नहीं किया कि ये साहसी सुधार क्या हो सकते हैं। लेकिन इस उम्मीद के साथ प्रधानमंत्री के विकसित भारत के नारे को ज़रूर नत्थी कर दिया है। ये वही कॉरपोरेट क्षेत्र है जिसने इलेक्टोरल बॉन्ड पर सुप्रीम कोर्ट के आदेशऔरऔर भी

