शेयरों में निवेश कोई सीधी-साधी राह नहीं कि मुंह उठाकर चल पड़े। जिस भी कंपनी के शेयरों में निवेश कर रहे हैं, उसका बिजनेस ठोंक-बजाकर समझना होता है। अगर बिजनेस को नहीं समझा तो गलत दवा की तरह उसके बड़े खतरनाक साइड-इफेक्ट होते हैं। वैसे भी हमारा शेयर बाज़ार अब ग्लोबल हो चुका है। बहुत सारी बहुराष्ट्रीय कंपनियां यहां लिस्टेड हैं। इसलिए बाहर की ऊंच-नीच भी कंपनियों को प्रभावित करती है। बड़े नाम व स्थापित धंधे केऔरऔर भी