शेयर बाज़ार में फैले ठगों ने देश में इक्विटी संस्कृति का स्वस्थ विकास रोक रखा है। इस संस्कृति का स्वस्थ विकास ज़रूरी है ताकि उद्योग को अवाम की रिस्क पूंजी मिले, आम लोग भी रिस्क को समझते हुए उद्योग के बढ़ने का फायदा उठाएं और देश का औद्योगिकीकरण हो जिससे रोज़गार के नए अवसरों का सृजन हो। अर्थकाम आम निवेशकों का रक्षा-कवच बनने में लगा है ताकि उन्हें ठगी से बचाया जा सके। अब शुक्र का अभ्यास…औरऔर भी