बड़ों का खेल है, छोटे संभल कर चलें
2017-12-19
शेयर बाज़ार ने कल गुजरात में मतगणना के शुरुआती रुझानों के बाद सुबह-सुबह जैसा गोता लगाया और फिर उबरा, उसने एक बार फिर इस नियम की पुष्टि की है कि तगड़ी न्यूज़ के दिन आम ट्रेडरों को बाज़ार से दूर रहना चाहिए। अन्यथा, ऐसा झटका लगता है कि सारी पूंजी एक झटके में स्वाहा हो जाती है। बड़े खेलें, अच्छी बात है क्योंकि उनकी बड़ी औकात है। लेकिन छोटों को संभलकर चलना होगा। अब मंगल की दृष्टि…औरऔर भी

