स्टॉप-लॉस का मकसद है सौदा उल्टा पड़ने पर नुकसान को न्यूनतम रखना। लेकिन इसे तय करने का कोई पक्का फॉर्मूला नहीं। हालांकि हम वही सौदे चुनते हैं जिनमें 1.5-2% घाटे की आशंका होती है। लेकिन हकीकत में स्टॉप-लॉस का स्तर अलग-अलग स्टॉक के स्वभाव पर निर्भर करता है। भावों में ज्यादा उछलकूद या वॉलैटिलिटी होती है तो उनमें इसका स्तर ज्यादा होता है। पर हम ऐसे स्टॉक्स से दूर भी रह सकते हैं। अब गुरु की दशा-दिशा…औरऔर भी