जगह-जगह बिछाए हैं उस्तादों ने ट्रैप
शेयरों की ट्रेडिंग में या तो आप जीतते हैं या हारते हैं। यहां जीत-हार के बीच की कोई चीज़ नहीं होती। बाज़ार में बहुत-से सौदे न्यौता देकर बुलाते हैं कि आओ! हमें झपटकर ले जाओ। लेकिन ज्यादातर इनके पीछे उस्तादों का फैलाया जाल/ट्रैप होता है जिसमें फंसकर आप अपनी पूंजी गंवा बैठते हैं। दूसरी तरफ कम रिस्क और ज्यादा लाभ के सौदे होते हैं जिन्हें हमें तलाशकर निकालना होता है। काम बड़ा दुश्कर है। बढ़ते हैं आगे…औरऔर भी
