टेक्निकल एनालिसिस मूलतः पोस्टमोर्टम है। उसके सारे संकेतक पुराने भावों को लेकर चलते हैं। इसलिए जो केवल उनके आधार पर आगे का दांव चलते हैं, वे जीत या हार के पलड़े में किसी अनाड़ी की तरह झूलते हैं। सबसे बड़ी बात है धन का प्रवाह। सभी लोग अच्छे शेयरों को खरीदने को लालायित रहते हैं, जबकि गिरते शेयरों को मौका पाते ही बेच डालते हैं। कम रिस्क के लिए इस मानसिकता को पकड़ना ज़रूरी है। अब आगे…औरऔर भी

हम बाज़ार या किसी स्टॉक के बारे में दो-चार सूचनाओं के आधार पर मन ही मन धारणा बना बैठते हैं और उसे बाज़ार पर आरोपित करते हैं। ठाने रहते हैं कि बाज़ार आज नहीं तो कल ज़रूर हमारे हिसाब से चलेगा। चार्ट पर भी हम अपनी पुष्टि के लिए मनमाफिक आकृतियां देख लेते हैं। लेकिन जब तक इस मूर्खता/आत्ममोह से निकलकर हम मुक्त मन से बाज़ार को नहीं देखते, तब तक पिटते रहेंगे। अब दशा-दिशा आज की…औरऔर भी

बाज़ार में जब भी संस्थागत निवेशकों या एचएनआई (हाई नेटवर्थ इंडीविजुअल्स) का बड़ा धन लगता है तो शेयर फौरन उछल जाते हैं। वहीं उनके बेचने पर शेयर खटाक से गिर जाते हैं। लेकिन रिटेल निवेशकों की खरीद/बिक्री का खास असर शेयरों पर नहीं पड़ता। जिस तरह हाथी के चलने से मिट्टी रौंदी जाती है, उसी तरह बड़ों की मार में छोटे निवेशक पिसते हैं। इसलिए कमाई बड़ों की राह पकड़ने से होती है। अब आज का बाज़ार…औरऔर भी

आज दो अच्छी खबरें हैं जो कल बाज़ार बंद होने के बाद सामने आईं। एक तो यह कि लगातार दो महीने तक सिकुड़ने के बाद देश का औद्योगिक उत्पादन जुलाई महीने में 2.6% बढ़ा है। दूसरी खबर यह कि अगस्त में उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) पर आधारित मुद्रास्फीति की दर घटकर 9.52% पर आ गई है, जबकि जुलाई में यह 9.64% थी। चलिए, देखते हैं कि आज शेयर बाज़ार पर इन खबरों का क्या असर होता है…औरऔर भी

शेयर, कमोडिटी या फॉरेक्स बाज़ार में ट्रेडिंग करना बैंकों और वित्तीय संस्थाओं के ट्रेजरी विभाग के लिए बड़ा व्यवस्थित काम है। लेकिन किसी भी व्यक्ति के लिए ट्रेडिंग तने हुए रस्से पर चलने जैसा है। ज़रा-सा चूके तो गए नीचे। इस तनाव से निजात पानी है तो सेफ्टीनेट के बगैर काम नहीं चल सकता। तब लड़खड़ा कर गिरे भी तो यह नेट आपको बचा लेगा। खतरा कम, हड्डी-पसली सलामत। अब रुख करते हैं आज के बाज़ार का…औरऔर भी

वही सॉफ्टवेयर, टेक्निकल एनालिसिस के वही इंडीकेटर, वही मुठ्ठी भर शेयर। फिर भी शेयर बाज़ार के 95% ट्रेडर घाटा खाते हैं। क्यों? आखिर, कामयाब ट्रेडर के लिए सबसे महत्वपूर्ण चीज़ क्या है? तेज दिमाग! उच्च शिक्षा!! सच यह है कि हाईस्कूल तक पढ़े लोग भी ट्रेडिंग से लाखों कमाते हैं। सफलता के लिए सबसे अहम तत्व है दृढ़ अनुशासन। सफल ट्रेडर अपने हर सौदे का रिकॉर्ड रखता है और बराबर उससे सीखता है। अब आज का सौदा…औरऔर भी