एक कदम वर्तमान तो एक भविष्य में
वैज्ञानिक शोध से निकला सत्य है कि भूकम्प का आभास धरती में बिल बनाकर रहनेवाले नेवले जैसे जानवरों को कुछ हफ्ते पहले ही हो जाता है। इंसान के सामूहिक दिमाग के रूप में काम करनेवाला बाज़ार भी आगे की घटनाओं पर काफी पहले ही अपनी प्रतिक्रिया जता देता है। उसका एक कदम वर्तमान और एक-आधा कदम भविष्य में होता है। बाज़ार से मुनाफा कमाना है तो हमें भी इस भाव को साधना होगा। अब शुक्र का अभ्यास…औरऔर भी
