आखिर ऐसी क्या मजबूरी है कि भारत विपुल प्राकृतिक संपदा और मानव संसाधनों के बावजूद चीन से ललकार कर बात नहीं कर पा रहा? असल में यह भारत की नहीं, देश की सत्ता पर बारह साल से कुंडली मारे बैठी मोदी सरकार की मजबूरी है। जिस तरह मोदी सरकार ट्रम्प को दो-टूक जवाब इसलिए नहीं दे पा रही क्योंकि न्यूयॉर्क की अदालत ने घूसखोसी के मामले में अडाणी की पूंछ दबा रखी है, उसी तरह अडाणी केऔरऔर भी