गोवा सरकार ने तय किया है कि अगर किसी घर की सालाना कमाई तीन लाख रुपए से कम है तो वह उसकी गृहिणी को 1000 रुपए प्रति माह अदा करेगी। यह महिलाओं के रोजमर्रा के घरेलू श्रम को मान्यता देने जैसा है। हालांकि, गोवा में मनोहर पर्रिकर के नेतृत्व में चल रही बीजेपी सरकार का कहना है कि यह कदम बढ़ती महंगाई की क्षतिपूर्ति के लिए उठाया जा रहा है। जो भी हो, इससे राज्य के करीबऔरऔर भी

जगने का वक्त हो जाने के बावजूद जो लोग सोते रहते हैं, उनकी आत्मा अंदर ही अंदर फड़फड़ाती रहती है। उसी तरह जैसे पिजड़े में कोई पंछी फड़फड़ाता है। ऐसे में जब वे कायदे से सो भी नहीं पाते तो आलस को झटक कर उठ जाना ही बेहतर है।और भीऔर भी