बाज़ार अर्थव्यवस्था का आईना नहीं!
प्राइस डिस्कवरी में शेयर बाज़ार की भूमिका किसी एक कंपनी या उद्यम के बारे में सही हो सकती है। मसलन, रिलायंस ने कोरोना संकट के बावजूद जियो प्लेटफॉर्म के लिए 1.52 लाख करोड़ रुपए जुटा डाले। लेकिन शेयर बाज़ार अर्थव्यवस्था का मूल्य खोजने का साधन नहीं रह गया है। कारण यह है कि बोली लगानेवाला धन अब देशी ही नहीं रहा, बल्कि इसमें कहीं ज्यादा बड़ी भूमिका विदेशी धन की हो गई है। अब बुधवार की बुद्धि…औरऔर भी
