मुहूर्त ट्रेडिंग के लिए आठ स्टॉक्स

कल सेटलमेंट के आखिरी दिन हालत यह थी ज्यादातर लोग या तो शॉर्ट हुए पड़े थे या बाजार में आ रहे सुधार को पचाने को तैयार नहीं थे। लेकिन हमने निफ्टी के 5200 के ऊपर जाने का अनुमान पेश किया था और ऐसा ही हुआ। आज के लिए हमारा अनुमान 5350 का है। उसके बाद बाजार गिरता है या नहीं, इस बात को बारीकी से देखा जाना चाहिए। हालांकि गिरने की गुंजाइश बेहद कम है क्योंकि ज्यादातर शॉर्ट पोजिशन रोल करके नए सेटलमेंट में ले जाई गई है।

जिन शेयरों ने कैश सेटलमेंट के चलते भारी बढ़त हासिल की है, वे हैं – इनफोसिस, महिंद्रा, टाटा मोटर्स, रिलायंस इडस्ट्रीज, बॉम्बे डाईंग और टाटा स्टील। दूसरी तरफ जो स्टॉक्स कैश सेटलमेंट का खास शिकार बने हैं, वे हैं – डिश टीवी, वीआईपी इंडस्ट्रीज, टीटीके प्रेस्टिज, एसबीआई और एचडीएफसी बैंक। यह साबित करता है कि डेरिवेटिव सौदों में कैश सेटलमेंट का बाजार पर कितना ज्यादा असर पड़ता है। यह सीधे-सीधे बाजार में मूल्य खोजने की प्रणाली के मूल सिद्धांत के खिलाफ है।

वीआईपी इंडस्ट्रीज ने आखिरकार अपनी औकात दिखा दी। सितंबर तिमाही में उसके शुद्ध लाभ में 13.5 फीसदी की कमी आई है। इसे हमने महीने भर पहले आपको बता दिया था। वीआईपी का पतन शुरू हो चुका है। उसकी अगली तिमाही की ऐसी ही खराब रहेगी। इस स्टॉक को गिरकर 600 रुपए तक पहुंचना है। इसलिए मुझे लगता है कि हर बढ़त पर इसे बेचकर निकल लेना ही बेहतर है।

राकेश झुनझुनवाला ने इसमें हिस्सेदारी 95 रुपए के भाव पर खरीदी थी। इसलिए यह अगर गिरकर 600 रुपए पर आ जाए तब भी उन पर कोई फर्क नहीं पड़ता। लेकिन अगर सेबी 2008 में नियमों के उल्लंघन पर इसके खिलाफ कोई प्रतिकूल आदेश लेकर आती है तो यह स्टॉक खाक में मिल सकता है। इसलिए इससे बराबर दूर रहें। रिलायंस इंडस्ट्रीज ने सकारात्मक चाल दिखाई है और 870 रुपए के ऊपर बंद हुआ है। यह नतीजों के पहले का स्तर का है। आज यह 900 रुपए तक जा सकता है। इसके बाद तो यह दनादन 1000 रुपए तक चला जाएगा।

ज्यादातर ट्रेडर अब भी मानते हैं कि सितंबर व अक्टूबर में जो नहीं हो सका, वो नवंबर में हो जाएगा। लेकिन ऐसा होने के लिए स्टैंडर्ड एंड पुअर्स को पहले भारत को डाउनग्रेड करना पड़ेगा। अगर वाकई ऐसा हुआ तो बाजार फिसलकर वापस 4700 तक जा सकता है। लेकिन निश्चित रूप से 4700 से नीचे नहीं। लेकिन बाजार अगर 5350 पर पहुंचता है तो समर्थन का अगला स्तर 4900 का हो जाएगा। जब तक हम सेंसेक्स में 17,200 के ऊपर रहते हैं, तब तक अगला लक्ष्य 17,800 का रहेगा और मेरे चहेते स्टॉक एस्कोर्ट्स व हिंडाल्को बने रहेंगे।

आप सभी को दिवाली की शुभकामनाएं। आज मुहूर्त ट्रेडिंग के लिए हमारी तरफ से नए साल के आठ स्टॉक्स हैं – पिपावाव डिफेंस, एस्कोर्ट्स, हिंडाल्को, टाटा स्टील, एसबीआई, रिलायंस इंडस्ट्रीज, सेंचुरी टेक्सटाइल्स और बॉम्बे डाईंग।

दूसरों की हर वो चीज जो हमें परेशान करती है, उससे हमें खुद को समझने में मदद मिल सकती है।

(चमत्कार चक्री एक अनाम शख्सियत है। वह बाजार की रग-रग से वाकिफ है। लेकिन फालतू के कानूनी लफड़ों में नहीं पड़ना चाहता। इसलिए अनाम है। वह अंदर की बातें आपके सामने रखता है। लेकिन उसमें बड़बोलापन हो सकता है। आपके निवेश फैसलों के लिए अर्थकाम किसी भी हाल में जिम्मेदार नहीं होगा। यह मूलत: सीएनआई रिसर्च का कॉलम है, जिसे हम यहां आपकी शिक्षा के लिए पेश कर रहे हैं)

2 Comments

  1. श्रीमान जी ,
    दिवाली की शुभकामनायें,
    कृपया पिछली दिवाली पे जो शेयर अपने बताये थे उनका बी विशलेषण कर देते | जो बात आप के पक्ष (आप के कहे अनुसार थोड़ी बी सही हो जाये ) में होती उन का तो आप बहुत गुणगान करते नहीं थकते ओर जो बात आप के कहे अनुसार नहीं होती है उसका विशलेषण करना भूल जाते है.
    पिछले साल जो शेयर अपने बताए थे उनकी हालत खराब है एस लिए उन्हें भूल गए | अगर यही चल जाते तो उनका (वास्तव में खुद का ) गुणगान के लिए पोस्ट पे पोस्ट लिख देते .|
    Links for referance
    https://arthkaam.com/three-stocks-for-next-diwali/5476/
    { गुणगान- 3 Nov. 2010 “पिछली दीवाली पर मैंने एसएनएल बियरिंग्स को 18 रुपए और विंडसर मशींस को 17 रुपए पर खरीदने की सलाह दी थी और इन दोनों शेयरों ने मुझे दुखी नहीं किया क्योंकि 12 महीनों के भीतर इन्होंने 300 से लेकर 500 फीसदी से ज्यादा रिटर्न दिया है। अब आपके लिए मेरे पास तीन स्टॉक हैं और आप इन्हें कृपया कट-पेस्ट कर अगली दीवाली के लिए रख लें। ये स्टॉक हैं – क्विंटेग्रा, कैम्फर और त्रिवेणी ग्लास। ये तीनों कायाकल्प के दौर से गुजरती कंपनियां हैं और इनके शेयर भी आपको अगली दीवाली तक 300 से लेकर 500 फीसदी तक रिटर्न देंगे। ये आप सभी को मेरी तरफ से दीवाली गिफ्ट है। ” }

    {बहुत से निवेशक साल 2008 में 170 रुपए पर आईडीबीआई बैंक को लेकर फंस गए थे। तब मैंने उनसे वादा किया था कि इस स्टॉक को होल्ड करें, आपको सही मूल्य मिल जाएगा। मैंने इसके लिए तीन साल में 700 रुपए का लक्ष्य निर्धारित किया था। दो साल के भीतर यह शेयर अपने नए शिखर को लांघ चुका है। अब धमाके की राह पर है और आनेवाले सालों में मेरे बताए 700 रुपए के लक्ष्य को हासिल कर लेगा। जब दूसरे लोग मुझसे इसे 700 रुपए पर खरीदने की सिफारिश करेंगे, तब मैं इस स्टॉक के बारे में और लिखूंगा। मजे की बात है कि सब लोग मुझे अब वीआईपी को खरीदने की टिप दे रहे हैं और मैं उनके देर से जागने पर हंस रहा हूं।}

    धन्यवाद .
    जवाब के इंतजार में !

  2. कमलेश जी की टिप्पणी हमने सीधे चक्री को भेज दी थी। इसलिए उनका जवाब आने तक उसे रोके रखा। अब जवाब आ गया है तो पेश कर रहा हूं ताकि सभी निवेशकों व पाठकों को तसल्ली हो सके…
    “आप सभी को समझना चाहिए कि अब तक 2011 का साल शेयर बाजार के लिए सबसे बुरा साल रहा है। इसलिए स्मॉल कैप कंपनियों के स्टॉक्स ने कभी भी अच्छी प्रगति नहीं दिखाई। इसमें चौंकने जैसी कोई बात नहीं है।
    अगर एचडीआईएल 500 रुपए से घटकर 90 रुपए पर आ सकता है, रिलायंस इंडस्ट्रीज 1200 से 800 रुपए पर आ सकता है तो तमाम स्टॉक्स का गिरना लाजिमी था। कैम्फर को हमने 132 पर खरीदने की सिफारिश की थी, वह गिरने के पहले 303 रुपए तक गया। ऐसा ही हाल पिछली दिवाली के दूसरे स्टॉक्स का भी रहा है। इसमें अचंभित होने जैसी कोई बात नहीं है।
    निवेशक स्मॉल कैप में इसलिए रिस्क लेते हैं क्योंकि वे ज्यादा औसत रिटर्न चाहते हैं। लेकिन बुरे सालों के दौरान होता यह है कि शेयरों के भाव जरूरत से ज्यादा ही गिर जाते हैं। ए ग्रुप के स्टॉक्स मल्टी बैगर (कई गुना बढ़नेवाले) नहीं बन सकते। इसलिए वे 50-60 फीसदी गिरकर संभल जाते हैं। दूसरी तरफ स्मॉल कैप बढ़ते हैं तो कई गुना बढ़ जाते हैं और गिरते हैं तो ए ग्रुप के शेयरों को पीछे छोड़ देते हैं।
    किसी भी शेयर में लक्ष्य मुद्रास्फीति, आर्थिक सुस्ती व डाउनग्रेड जैसे कारकों के आधार पर बदलते रहते हैं। इसलिए निवेशकों को ज्यादा परेशान होने की जरूरत नहीं है।”

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