जीनव की कठिन शर्तें। मैराथन। जीने और जीतने की अदम्य चाहत। इसे हासिल करने में जो मददगार हो सकता है, लोग तो उसे ही देखेंगे, उसे ही पूछेंगे। हालांकि, हम सब एक-दूजे के लिए उपयोगी हैं। लेकिन इसे दिखाना और साबित भी करना पड़ता है।और भीऔर भी

धन आपके पास तभी तक नहीं है, जब तक या तो आप दूसरों के काम के नहीं बन पाए हैं या दूसरों को आपकी उपयोगिता का पता नहीं है। पहले उपयोगिता, फिर उसकी मार्केटिंग। यही सूत्र है धन बनाने का।और भीऔर भी

बात किसने कही, यह महत्वपूर्ण नहीं। महत्वपूर्ण यह है कि वह हमारी विचार-श्रृंखला को कहां तक आगे बढ़ाती है, हमारे कितने काम की है। इसलिए विचारों को हमेशा नाम से काटकर देखना चाहिए।और भीऔर भी