संकट में अमेरिका और पसीने छूट रहे चीन और जापान के!
आज दुनिया कितनी ग्लोबल हो गई है, इसका प्रत्यक्ष प्रमाण है कि अमेरिका में ऋण सीमा पर लटकी तलवार से उससे ज्यादा परेशानी चीन और जापान को हो रही है। इन देशों के मंत्रीगण अमेरिका को पटाने में लगे हैं कि किसी भी सूरत में ऐसी नौबत न आने दी जाए क्योंकि ऐसा हो गया तो उन्होंने अमेरिका को जो भारी भरकम कर्ज दे रखा है, उसे वापस पाना मुश्किल हो जाएगा। सोचिए, ऐसा तब हो रहाऔरऔर भी
अमेरिकी अर्थव्यस्था बढ़ी उम्मीद से ज्यादा
अमेरिकी अर्थव्यवस्था साल 2013 की दूसरी तिमाही (अप्रैल-जून) में उम्मीद से ज्यादा रफ्तार से बढ़ी है। खुद अमेरिकी सरकार का अनुमान जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) में 1.7 फीसदी वृद्धि का था, जबकि अर्थशास्त्री 2.2 फीसदी का अनुमान लगा रहे थे। लेकिन गुरुवार को अमेरिकी वाणिज्य विभाग की तरफ से जारी आंकड़ों के मुताबिक अमेरिका का जीडीपी अप्रैल-जून 2013 की तिमाही में 2.5 फीसदी बढ़ा है। यह विकास दर साल की पहली तिमाही से लगभग दोगुनी है। इसऔरऔर भी
नौकरी तो लांग-टर्म, नहीं तो ट्रेडिंग
क्या आपको अंदाज़ा है कि शेयर बाज़ार में हर दिन कितना धन इधर से उधर होता है। 1.30 लाख करोड़ रुपए से लेकर 1.40 लाख करोड़ रुपए। ध्यान दें यहां लाख या करोड़ की नहीं, लाख करोड़ की बात हो रही है, जिसे अंग्रेज़ी में ट्रिलियन कहते हैं। यह अमीरों का धन है, एफआईआई, डीआईआई का धन है। क्या इसमें से कोई पढ़ा-लिखा समझदार बेरोज़गार दिन के एक-दो हज़ार भी नहीं कमा सकता? आप कहेंगे कि आजऔरऔर भी
बचत में सरताज, निवेश में फिसड्डी!
देश की अर्थव्यवस्था या शेयर बाजार की हालत में कोई खास मौलिक बदलाव नहीं आया है। फिर भी बाजार की दशा-दिशा दर्शानेवाला सेंसेक्स 15,900 के निचले स्तर से उठकर 17,805 पर जा पहुंचा। अभी की स्थितियों में यह वाकई कमाल की बात है। यूरोप की हालत पर खूब मगजमारी हो रही है। वहां के ऋण-संकट को वैश्विक बाजार की कमजोरी का खास कारण बताया जा रहा है। इसलिए यूरोप की संकट-मुक्ति की हल्की-सी आभा ने पूरे माहौलऔरऔर भी
नई पारी को तैयार एस्सार की इंडिया सिक्यूरिटीज
एस्सार समूह की फाइनेंस कंपनी इंडिया सिक्यूरिटीज में उसकी पूर्ण स्वामित्व वाली सब्सिडियरी ईटीएचएल कम्युनिकेशंस होल्डिंग्स के विलय को शेयरधारकों की मंजूरी मिल गई है। मद्रास हाईकोर्ट के आदेश पर कल, 26 चेन्नई में कंपनी के शेयरधारकों की बैठक हुई जिसमें विलय के प्रस्ताव को मंजूर कर लिया गया। इसका सीधा-सीधा लाभ यह होगा कि ईटीएचएल कम्युनिकेशंस होल्डिंग्स के 5042.75 करोड़ रुपए के रिजर्व सीधे इंडिया सिक्यूरिटीज के खाते में आ जाएंगे। दूसरे, एस्सार समूह ने ईटीएचएलऔरऔर भी
सारे परिवार वित्तीय रूप से बीमार
देश के तकरीबन सारे परिवार वित्तीय रूप से बीमार हैं। यह कहना है कि बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज के निदेशक बोर्ड की इकलौती महिला सदस्य और ब्रोकर फर्म असित सी मेहता की प्रबंध निदेशक दीना मेहता का। उनके मुताबिक, “आज के दौर में महिलाओं और बच्चों को वित्तीय क्षेत्र से दूर रखना कोई भी परिवार गवारा नहीं कर सकता। अपनी बचत फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) में रखने से कुछ नहीं होनेवाला क्योंकि मुद्रास्फीति आपके पैसे को खा जाती है।औरऔर भी
सेज का फायदा उठाने में दक्षिण के राज्य आगे
कर मुक्त विशेष आर्थिक जोन (सेज) स्कीम से फायदा उठाने के मामले में दक्षिण भारत देश के बाकी हिस्सों से काफी आगे है। देश भर में कुल 130 सेज में कामकाज चल रहा है, जिसमें से 79 सेज दक्षिण के चार राज्यों में हैं। ताजा सरकारी आंकडों के मुताबिक दक्षिणी राज्यों में भी आंध्र प्रदेश सबसे ऊपर है। वहां 32 सेज चल रहे हैं। तमिलनाडु में 22, कर्नाटक में 20 और केरल में सात सेज हैं। क्षेत्रवारऔरऔर भी
कागा चुन-चुन देखियो मोतियां
बहुत ही मरा-मरा सा दिन रहा आज का। इधर या उधर, किसी भी तरफ कोई खास हलचल नहीं दिखी। निफ्टी के 6150 पहुंचते ही तेजड़ियों ने बाजार की कमान अपने हाथ में ले ली और मंदड़िये 6130 अंक का इंतजार ही करते रह गए। आकिर में वे भी तेजड़िये के पाले में जा गिरे क्योंकि निफ्टी नवंबर फ्यूचर्स बंद हुआ है 6155 के स्तर पर, जो अपने-आप में तेजी का संकेत है। हमारी स्ट्रीट कॉल टीम कोऔरऔर भी

