अगले साल मार्च 2011 तक महंगाई की दर 5.5 फीसदी के करीब आकर ठहर जाएगी और देश की आर्थिक विकास दर 8.5 फीसदी रहेगी। यह दावा है प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह का। उन्होंने कांग्रेस के 83वें महाधिवेशन के दूसरे दिन अपने संबोधन में कहा कि ‘‘ देश में मुद्रास्फीति गंभीर चिंता की वजह बनी हुई है। हमने बढती महंगाई काबू पाने की पूरी कोशिश की है और आगे भी करते रहेंगे।’’ बता दें कि नवंबर में थोक मूल्यऔरऔर भी

तमाम अखबार, पत्र-पत्रिकाएं और बिजनेस चैनल भारतीय शेयर बाजार को लगी 1200 अंकों से ज्यादा की चपत की वजह वैश्विक कारकों में तलाश रहे हैं। लेकिन हमारा मानना है कि असली बात यह नहीं है। लेहमान ब्रदर्स के डूबने का मसला हो या उसके बाद के तमाम वैश्विक कारक हों, उन्होंने यकीकन कमजोर बाजारों को चोट पहुंचाई, लेकिन इनके बीच भारतीय बाजार ने पुरानी ऊंचाई फिर से हासिल कर ली और यही नहीं, दूसरी अर्थव्यवस्थाओं ने हमाराऔरऔर भी