ट्रेडिंग में सारा खेल शांत रहने का है। जो जितना शांत है, बाज़ार पर छाई भावनाओं और सामनेवाले की स्थिति को उतना अच्छा समझ सकता है। हालांकि जब आप फायदे में हो, तब तक शांत रहना बड़ा आसान है। लेकिन घाटा लगते ही बड़े-बड़े दिग्गज सारा धैर्य/शांति गंवा बैठते हैं। जो घाटा लगने पर भी भावनाओं को बुद्धि पर हावी नहीं होने देते, वे ही आखिरकार कामयाब ट्रेडर बनते हैं। चलिए अब परखते हैं सोमवार की दशा-दिशा…औरऔर भी

ब्याज दर जस-की-तस तो बाज़ार बढ़ा सहज गति से। छोटी अवधि में शेयरों के भाव जिस दूसरी बात से सर्वाधिक प्रभावित होते हैं वो है निवेशकों की रिस्क उठाने की मानसिकता। अगर वे रिस्क लेने से डरते हैं तो भाव गिरते हैं और बगैर खास परवाह किए रिस्क उठाते हैं तो भाव चढ़ते हैं। ट्रेडिंग में अक्सर कंपनी के फंडामेंटल्स नहीं, दांव लगाने की मानसिकता का वास्ता होता है शेयरों के बढ़ने से। अब बुधवार की बुद्धि…औरऔर भी

कोल इंडिया ने प्रति शेयर 29 रुपए का अंतरिम लाभांश घोषित किया तो बाज़ार खुलने के कुछ ही पलों में उसका 6.56% बढ़कर 307.85 रुपए पर पहुंचना स्वाभाविक था। क्या आप जानते हैं कि इस डिविडेंड के लिए रिकॉर्ड तिथि भले ही 20 जनवरी हो, लेकिन यह 17 जनवरी से एक्स-डिविडेंड हो जाएगा। अगर आज आपने इसे खरीद लिया तभी आप लाभांश के हकदार होंगे। शुक्र को यह सीधे 29 रुपए नीचे खुलेगा। अब गुरु की चाल…औरऔर भी