सहज स्वभाव जीवन के बहुतेरे क्षेत्रों में बड़े काम का हो सकता है। पर ट्रेडिंग में यह आपको कंगाल बना सकता है। कारण, ट्रेडिंग में कमाई के लिए दो चीजें ज़रूरी हैं। पहली, बाज़ार कैसे काम करता है, इसकी जानकारी। इसे हम सहज स्वभाव से नहीं जान सकते। इसके लिए परत-दर-परत हमें पैठना पड़ता है। दूसरी ज़रूरी चीज़ है अनुशासन। ट्रेडिंग के नियम बनाकर सख्ती से पालन। यह भी कतई सहज नहीं। अब पकड़ें मंगलवार की धार…औरऔर भी

ब्याज दर जस-की-तस तो बाज़ार बढ़ा सहज गति से। छोटी अवधि में शेयरों के भाव जिस दूसरी बात से सर्वाधिक प्रभावित होते हैं वो है निवेशकों की रिस्क उठाने की मानसिकता। अगर वे रिस्क लेने से डरते हैं तो भाव गिरते हैं और बगैर खास परवाह किए रिस्क उठाते हैं तो भाव चढ़ते हैं। ट्रेडिंग में अक्सर कंपनी के फंडामेंटल्स नहीं, दांव लगाने की मानसिकता का वास्ता होता है शेयरों के बढ़ने से। अब बुधवार की बुद्धि…औरऔर भी