यूरोप में जारी वित्तीय संकट के बावजूद भारत ने निर्यात के मोर्चे पर बेहतर प्रदर्शन किया है। मार्च में खत्म वित्त वर्ष 2010-11 में देश का निर्यात 37.5 फीसदी बढ़कर 245.9 अरब डॉलर हो गया। अकेले मार्च माह में निर्यात 43.9 फीसदी बढ़कर 29.1 अरब डॉलर रहा है। वाणिज्य व उद्योग मंत्री आनंद शर्मा ने मंगलवार को ये आंकड़े जारी किए। उन्होंने कहा कि देश का निर्यात पहली बार 200 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंचा है। उल्लेखनीयऔरऔर भी

वैश्विक स्तर पर जारी अनिश्चितता से आर्थिक वृद्धि के परंपरागत स्रोतों पर दबाव बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री ममनमोहन सिंह ने इस बढ़ते दबाव को लेकर सतर्क करते हुए कहा है कि पांच देशों के संगठन ब्रिक्स को विकास के प्रमुख क्षेत्रों में समन्वय करना जरूरी है और यह सारी दुनिया के लिए लाभकारी होगा। बता दें कि ब्रिक्स देशों में शामिल पांच देश हैं – ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका। इन पांचों देशों की अर्थव्यवस्थाऔरऔर भी

मौजूदा कानूनों के तहत देश में हाइब्रिड कारों को आयात करने की पूरी स्वतंत्रता है और इस तरह के वाहनों के लिए व्यापक अनुसंधान, डिजाइन, विकास और प्रदर्शन कार्यक्रम लागू किया जा रहा है। वाणिज्य और उद्योग मंत्री आनंद शर्मा ने सोमवार को यह जानकारी दी। उन्होंने लोकसभा में शिवकुमार उदासी के प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा, ‘‘मोटर वाहन कानून, 1988 और केंद्रीय मोटर वाहन नियम, 1989 के प्रावधानों के तहत देश में मोटर वाहनों (हाइब्रिडऔरऔर भी

मुद्रास्फीति ऐसा गंभीर और संवेदनशील मुद्दा है कि इस पर प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से लेकर वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी और वित्त राज्यमंत्री नमो नारायण मीणा तक बड़ी विनम्रता से बोलते हैं। लेकिन कृषि मंत्री शरद पवार इतने मुंह-फट हो गए हैं कि लगता ही नहीं कि उन्हें जनता या सरकार किसी की भी प्रतिक्रिया की कोई परवाह है। मंगलवार को पवार ने कहा कि सरकार फल और सब्जियों की कीमतों से कोई लेनादेना नहीं है और वहऔरऔर भी

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने इन अटकलों के बीच मंगलवार को प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से मुलाकात की कि इस सप्ताह के आखिर में केंद्रीय मंत्रिमंडल में फेरबदल हो सकता है। सिंह से उनके आवास पर मिलने गईं सोनिया के साथ उनके राजनीतिक सचिव अहमद पटेल भी थे। यह बैठक करीब दो घंटे तक चली। प्रधानमंत्री ने सोमवार को राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल से मुलाकात की थी। इसे हालांकि नियमित मुलाकात बताया गया, लेकिन ऐसे संकेत हैं कि इसऔरऔर भी

बाजार में जिस तरह बड़े पैमाने पर चालबाजी व जोड़तोड़ चल रही है, भावों को सायास गिराया-उठाया जा रहा है, उसके रहते सही रुझान का पता लगाना बहुत मुश्किल है। फिर भी यह तो साफ दिख रहा है कि बाजार ने ऊपर की यात्रा तो फिर से शुरू कर दी है। बीएसई सेंसेक्स जहां 209.80 अंक (1.11 फीसदी) की बढ़त लेकर 19092.05 पर बंद हुआ है, वहीं एनएसई निफ्टी 69.30 अंक (1.23 फीसदी) बढ़कर 5724.05 पर पहुंचऔरऔर भी

केंद्र सरकार ने निर्यात को बढ़ावा देने की डीईपीबी (ड्यूटी इनटाइटलमेंट पास बुक) समेत तमाम स्कीमों की अवधि छह महीने से लेकर एक साल तक आगे बढ़ा दी है। सोमवार को वाणिज्य मंत्री आनंद शर्मा ने चालू वित्त वर्ष 2010-11 की व्यापार नीति की घोषणा करते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय आर्थिक हालात अब भी सामान्य नहीं हुए हैं। इसलिए निर्यात संबंधी प्रोत्साहन को जारी रखना जरूरी है। सरकार के इस फैसले से उस पर इस साल 1052औरऔर भी

वाणिज्य मंत्री आनंद शर्मा ने 22 जून को देश के बाहर अमेरिका में बयान दिया था कि रिटेल सेक्टर में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) को क्रमबद्ध रूप से बढ़ाया जाएगा और इसके ठीक दो हफ्ते बाद ही वाणिज्य मंत्रालय के औद्योगिक नीति व संवर्धन विभाग (डीआईपीपी) ने मल्टी ब्रांड रिटेल क्षेत्र को एफडीआई के लिए खोलने पर 21 पन्नों का बहस-पत्र पेश कर दिया। इस पर 31 जुलाई तक सभी संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया मांगी गई है।औरऔर भी